अल्मोड़ा से जुड़ी खबर सामने आई है। अल्मोड़ा में न्यायालय सत्र न्यायाधीश, अल्मोड़ा श्रीकान्त पाण्डेय की अदालत ने एक मामले में अभियुक्त केशव राम पुत्र कैलाश राम, निवासी ग्राम मालता, थाना लमगडा, जिला अल्मोड़ा को दोषमुक्त किया है। अभियुक्त की ओर से विद्वान अधिवक्ता भगवती प्रसाद पन्त ने पैरवी की।
जानें क्या है मामला
जानकारी के अनुसार शिकायतकर्ताओं महेश राम ने दिनांक 05.07.2021 को थाना लमगड़ा में अभियुक्त के विरुद्ध दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें बताया कि उसकी भांजी (उसकी दीदी की बेटी) मृतका का विवाह 8 माह पूर्व ग्राम मालता, लमगड़ा जिला अल्मोड़ा में केशव कुमार पुत्र कैलाश के साथ हुआ था। वह 7 माह की गर्भवती थी। ससुराल पक्ष के लोग व उसका पति मृतका को दहेज के लिए आये दिन पर परेशान करते थे व उसकी सास व पति के द्वारा उसके साथ मारपीट की जाती थी। जिस पर उसने आत्महत्या कर ली। जिस पर आरोप लगाया था कि उसकी भांजी को ससुराल ने दहेज के लिए उसे मारा है।
अदालत का आदेश
यह मामला माननीय न्यायालय में विचाराधीन रहने के दौरान अभियुक्ता (सास) सरूली देवी की मृत्यु हो गई थी। उक्त मामला जिला सत्र न्यायाधीश श्रीकांत पाण्डेय की अदालत में चला था। न्यायालय द्वारा पत्रावली का अवलोकन कर यह पाया गया कि यह पूरा मामला झूठा था। अभियुक्त केशव राम को धारा 498-ए एवं धारा 304-बी भारतीय दण्ड संहिता के अन्तर्गत लगाये गये आरोपों से दोषमुक्त किया गया।