अल्मोड़ा: अल्मोड़ा में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम के सफल संचालन तथा त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करने के लिए जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने जनपद के राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बीते कल शनिवार को एक बैठक की।
बैठक का आयोजन
यह बैठक कलेक्ट्रेट में आयोजित हुई। इस बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के लिए भारत निर्वाचन आयोग ने तारीखों का ऐलान कर दिया है।जिलाधिकारी ने जोर देते हुए कहा कि सभी राजनैतिक दल अपने अपने बूथ लेवल एजेंट की तैनाती शत प्रतिशत करें। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची को त्रुटिरहित एवं पारदर्शी रूप से बनाने के लिए राजनैतिक दलों की महत्वपूर्ण भूमिका है। लोकतंत्र की मजबूती के लिए प्रशासन एवं राजनैतिक दलों को समन्वय स्थापित कर अपनी अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी।
इस दिन होगा मतदाता सूची का प्रकाशन
जिलाधिकारी ने कहा कि विशेष गहन पुनरीक्षण के लिए अर्हता तिथि 1 जुलाई 2026 है। इस कार्यक्रम के तहत गणना प्रपत्रों की प्रिंटिंग एवं कर्मचारियों का प्रशिक्षण 29 मई से 7 जून 2026 तक किया जाएगा। बीएलओ द्वारा घर घर जाकर गणना प्रपत्रों का वितरण एवं संकलन का कार्य 8 जून से 7 जुलाई 2026 तक किया जाएगा। यदि किसी विधानसभा में मतदान केंद्रों का पुनर्गठन होना है तो वह 7 जुलाई 2026 से किया जाएगा। ड्राफ्ट रोल का प्रकाशन 14 जुलाई को किया जाएगा तथा दावे एवं आपत्तियां 14 जुलाई से 13 अगस्त 2026 तक किए जा सकेंगे। नोटिस जारी करने तथा दावों और आपत्तियों का निस्तारण माह जुलाई से 11 सितंबर 2026 तक होना निश्चित हुआ है। जिलाधिकारी ने बताया कि अंतिम रूप से मतदाता सूची का प्रकाशन 15 सितंबर 2026 को किया जाएगा।
इतने मतदाता पंजीकृत
जिलाधिकारी ने सभी दलों के प्रतिनिधियों से अपील की है कि वे विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम में सक्रिय सहयोग प्रदान करें तथा मतदाताओं को इसके प्रति जागरूक करें। उन्होंने कहा कि बूथ लेवल अफसरों के साथ समन्वय बनाए रखे तथा किसी भी त्रुटि या समस्या होने पर प्रशासन को सूचित करें। जिलाधिकारी ने बताया कि जनपद में कार्यरत बूथ लेवल अफसरों द्वारा 2025 के मतदाताओं को 2003 की मतदाता सूची से 93.69 प्रतिशत मैप कर लिया गया है। वर्ष 2025 की मतदाता सूची के अनुसार जनपद में 527745 मतदाता पंजीकृत हैं।
रहें उपस्थित
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी रामजी शरण शर्मा, अपर जिलाधिकारी युक्ता मिश्र सहित संबंधित अधिकारी तथा राजनैतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।