October 19, 2021

एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप में भारतीयों का जलवा जारी, अब तक जीते कुल 15 पदक

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दुबई में हो रहे एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप में भारत के मुक्केबाजों ने देश के लिए पदकों की झड़ी लगा दी है। महिला हो या पुरुष मुक्केबाज, सभी कमाल का प्रदर्शन कर रहे हैं। भारत के विकास कृष्ण ने बुधवार को ईरान के मोसलिम माघसोदी मल अमीर को हराते हुए सेमीफाइनल में जगह बना ली और इसी के साथ, इस चैंपियनशिप में देश के लिए 15वां मेडल पक्का कर लिया। आपको बता दें, भारतीय मुक्केबाजी महासंघ (बीएफआई) और संयुक्त अरब अमीरात बॉक्सिंग फेडरेशन की संयुक्त मेजबानी में इस टूर्नामेंट का आयोजन हो रहा है।

कुल 15 पदक हुए पक्के, तोड़ा 2019 का रिकॉर्ड

विकास और वरिंदर की जीत के साथ भारत एशियाई चैम्पियनशिप में साल 2019 में जीते गए 13 पदकों से आगे निकल गया। दुबई में जारी एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप में भारतीय खिलाड़ियों ने दुनिया को अपने पंच का दम दिखाते हुए, अब तक कुल 15 पदक सुरक्षित कर लिए हैं। 2019 में बैंकॉक में आयोजित चैंपियनशिप के पिछले संस्करण में, भारतीय टीम ने दो स्वर्ण सहित 13 पदक जीतते हुए अभूतपूर्व सफलता हासिल की थी। इस बार जो 15 खिलाड़ी पदक सुरक्षित कर चुके हैं, उनमें से 10 महिलाएं और पांच पुरुष मुक्केबाज हैं।

महिलाओं से चार स्वर्ण पदक की है उम्मीद

एशियन बॉक्सिंग चैंपियनशिप में भारत की चार महिला मुक्केबाज स्वर्ण पदक की दौड़ में हैं, जिनमें एमसी मैरीकॉम (51 किग्रा), लालबुआतसाही (64 किग्रा), पूजा रानी (75 किग्रा) और अनुपमा (प्लस 81 किग्रा) शामिल हैं।

मेरी कॉम से है छठे स्वर्ण पदक की आशा

फाइनल में मैरी कॉम का सामना कजाकिस्तान की नज्म जैबे से होगा। जैबे ने दूसरे सेमीफाइनल में श्रीलंका की नदीका पुष्पकुमारा को अपने मुक्कों से पहले ही राउंड में धराशायी कर दिया था। मैरी कॉम का एशियाई चैम्पियनशिप में यह सातवां पदक होगा। 2008 में गुवाहाटी में रजत पदक जीतने के अलावा मैरी कॉम ने 2003, 2005, 2010, 2012 और 2017 में इस इवेंट में स्वर्ण पदक हासिल कर चुकी हैं।

पुरुषों से पदक की उम्मीदें

पुरुष मुक्केबाजी में भारतीय मुक्केबाज विकास ने मोसलिम को 4-1 के अंतर से हराया और एशियाई चैम्पियनशिप में अपने लिए तीसरा मेडल पक्का किया। इससे पहले विकास इस चैंपियनशिप में 2015 में रजत और 2017 में ब्रॉन्ज मेडल जीत चुके हैं। वहीं, सेमीफाइनल में भारतीय मुक्केबाज वरिंदर का सामना ईरान के डानियाल शाहबक्श से होगा। वरिंदर भी अपना पदक सुरक्षित कर चुके हैं, उनसे अपने पदक का रंग बदलने की उम्मीद है।

अमित पंघाल चल रहे हैं शानदार फॉर्म में

टोक्यो ओलंपिक के लिए टिकट कटा चुके अमित पंघाल ने इस टूर्नामेंट के सेमीफाइनल में जगह बना ली है। मौजूदा एशियाई चैम्पियन अमित को हालांकि 52 किग्रा वर्ग के क्वार्टर फाइनल मुकाबले में मंगोलिया के मुक्केबाज खारखू एंखमानदाख के खिलाफ जीत हासिल करने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी थी। पिछले कुछ समय से अमित शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं।

रिव्यू के बाद गोल्ड से चूकी साक्षी

महिला मुक्केबाज साक्षी चौधरी, फाइनल में जगह बनाने के बावजूद भी गोल्ड जीतने का मौका हासिल नहीं कर सकीं। वह 54 किग्रा वर्ग के फाइनल में पहुंच गई थी। सेमीफाइनल मुकाबले में उनका सामना कजाखस्तान की डिना झोलामान के साथ हुआ था। डिना ने मैच के फैसले को चुनौती दी, जिसके बाद नतीजा पलट गया। इसी के चलते साक्षी ने फाइनल में आने से चूक गयी ।