Site icon Khabribox

जानें कब है नये साल की पहली वैकुंठ एकादशी, भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा का होता है विधान

आज 09 जनवरी 2025 है। कल 10 जनवरी को वैकुंठ एकादशी है। साल में 24 एकादशी पड़ती हैं। हर महीने में दो बार एकादशी व्रत रखा जाता है और हर एक एकादशी का विशेष महत्व होता है। हर वर्ष पौष माह में शुक्ल पक्ष की एकादशी को पुत्रदा एकादशी मनाई जाती है। इस एकादशी को वैकुंठ एकादशी के नाम से भी जाना जाता है। यह दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा के लिए समर्पित होता है।

मिलता है संतान प्राप्ति का फल-

वैकुंठ एकादशी को पुत्रदा एकादशी भी कहा जाता है। एकादशी तिथि भगवान विष्णु को प्रिय होती है। इस दिन विधि- विधान से भगवान विष्णु की पूजा- अर्चना करनी चाहिए। भगवान विष्णु की कृपा से सभी मनोकामनाएं पूर्ण हो जाती है। इस पावन दिन भगवान विष्णु के साथ माता लक्ष्मी की पूजा- अर्चना भी करनी चाहिए। माता लक्ष्मी की पूजा करने से जीवन में सभी तरह के सुखों की प्राप्ति होती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करने से सभी मनोकामनाएं पूरी हो जाती हैं। संतान प्राप्ति की कामना करने वाले जातकों को पौष पुत्रदा एकादशी जरूर करनी चाहिए। इस व्रत के पुण्य प्रताप से दंपत्ति को संतान की प्राप्ति होती है। 

Exit mobile version