रामनगर से जुड़ी खबर सामने आई है। आज रामनगर टैक्स बार एसोसिएशन द्वारा सुपरिटेंडेंट
सीजीएसटी ऑफिस रामनगर में समाधान योजना के व्यापारियों को आ रही दिक्कत के संदर्भ में एक ज्ञापन दिया गया। जो यहां के बाबू हरीश त्रिपाठी के माध्यम से दिया गया।
ज्ञापन में कहीं यह बात
ज्ञापन में बताया कि रामनगर में अधिकांश व्यापारी समाधान योजना को अपनाते हैं और समाधान योजना के तहत अपना कर चूका रहे हैं। मगर केंद्रीय जीएसटी कार्यालय द्वारा हल्द्वानी के पते से रामनगर के व्यापारियों को समाधान योजना वाले रेगुलर डीलर के रूप में मानते हुए 18% कर चुकाने का नोटिस दिया गया है, जो कि न्याय संगत ना होकर व जीएसटी के नियमो के विरुद्ध है। रामनगर टैक्स भर के अधिकांश अधिवक्ताओं में इस बात पर रोष है कि रामनगर कार्यालय होते हुए भी यहां के अधिकारी ऑफिस को हल्द्वानी से चला रहे हैं, जो नियमानुसार गलत है। इन नोटिसो के साथ-साथ व्यापारियों के पास कभी हल्द्वानी कभी नोएडा कभी मेरठ और कभी लखनऊ से अपने को केंद्रीय जीएसटी का अधिकारी बताते हुए फोन भी आ रहे हैं। इसका मतलब केंद्रीय जीएसटी के अधिकारियों के पद का दुरुपयोग भी हो रहा है
की यह मांग
जिस पर निवेदन किया है कि व्यापारियों के समस्याओं को देखते हुए अभिलम्ब टैक्स भर के पदाधिकारी के साथ बैठक कर व्यापारियों की समस्याओं का निराकरण करें।
रहें शामिल
उक्त ज्ञापन रामनगर टैक्स बार के अध्यक्ष पूरन चंद्र पांडे, उपसचिव मनु अग्रवाल, संजीव अग्रवाल और फैजुल हक द्वारा दिया गया।