October 22, 2021

कोरोना संक्रमण के चलते अस्पतालों में ऑक्सीजन की किल्लत दूर करने के लिए सरकार कर रही तैयारी, ऑक्सीजन की आपूर्ति में होगी बढ़ोत्तरी।

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देश भर में कोरोना संक्रमण का कहर बढ़ता जा रहा है। हर 24 घंटे में रिकार्ड तोड़ आंकड़े सामने आ रहे हैं। यह आंकड़े काफी चौका देने वाले आंकड़े हैं। देश में कोरोना संक्रमण के मामले बढ़ते जा रहे हैं। हर रोज बड़ी संख्या में कोरोना संक्रमित मरीज सामने आ रहे हैं। जिससे अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी होने लगी है। जिसके चलते सरकार ने भी इस पर बड़ा फैसला लिया है।

अस्पतालों में ऑक्सीजन की किल्लत दूर करने के लिए सरकार कर रही तैयारी-

कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों के चलते अस्पतालों में ऑक्सीजन की कमी होने लगी है। जिस पर अस्पतालों मे ऑक्सीजन की किल्लत दूर करने के लिए सरकार पूरी तरह से आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने में जुट गई है। इसके तहत ऑक्सीजन कंटेनरों का आयात शुरू हो गया है और नाइट्रोजन कंटेनरों को ऑक्सीजन की ढुलाई करने की भी इजाजत दे दी गई है।

ऑक्सीजन की कमी होने के चलते सरकार ने लिया बड़ा फैसला-

सरकार ने 22 अप्रैल से नौ प्रकार के उद्योगों को छोड़कर अन्य उद्योगों के लिए ऑक्सीजन के इस्तेमाल पर रोक लगा दी थी। लेकिन अब स्टील प्लांट की कैप्टिव ऑक्सीजन को छोड़कर कोई अन्य उद्योग ऑक्सीजन का इस्तेमाल नहीं कर सकेगा। अब तक 9 प्रकार के उद्योग लगभग 2,500 टन ऑक्सीजन का इस्तेमाल कर रहे थे जो अब पूरी तरह से मेडिकल इस्तेमाल के लिए उपलब्ध होगी।

ऑक्सीजन की आपूर्ति में होगी बढोत्तरी-

सरकार की तरफ से सभी प्रकार के उद्योगों को ऑक्सीजन के इस्तेमाल पर रोक लगाने के फैसले के बाद ऑक्सीजन की आपूर्ति में बढ़ोतरी होगी।

सरकार ने भविष्य की तैयारियों के लिए तैयारियां की शुरू-

अभी अस्पतालों के लिए जरूरी ऑक्सीजन से कुछ ज्यादा ऑक्सीजन का उत्पादन हो रहा है, लेकिन देश भविष्य की तैयारियों में जुट गया है। जिससे भविष्य में ऑक्सीजन की दिक़्क़तें पैदा न हो।

ऑक्सीजन के चार खाली क्रायोजेनिक कंटेनरों सिंगापुर से पहुंचे भारत-

शनिवार शाम वायुसेना का एक परिवहन विमान ऑक्सीजन के चार खाली क्रायोजेनिक कंटेनरों को लेकर बंगाल में पानागढ़ हवाई अड्डे पहुंचा। इसके अलावा टाटा समूह ने पहले ही मेडिकल ऑक्सीजन की ढुलाई के लिए 24 क्रायोजेनिक कंटेनरों को विदेश से मंगाने की घोषणा की थी जो भारत पहुंच गए हैं।

सिलेंडरों की खरीद के लिए जारी कर दिया गया है टेंडर-

मेडिकल ऑक्सीजन की आपूर्ति को सुगम बनाने के लिए पेट्रोलियम एंड एक्सप्लोसिव सेफ्टी आर्गनाइजेशंस (पेसो) जल्द ही एक लाख मेडिकल ऑक्सीजन सिलेंडरों की खरीदारी करेगा। जिसके लिए टेंडर जारी कर दिया गया है। इनमें से 30 हजार सिलेंडर 47 लीटर क्षमता वाले और 70 हजार सिलेंडर 10 लीटर की क्षमता वाले होंगे।

सरकार ने नाइट्रोजन टैंकरों के जरिये तरल ऑक्सीजन की ढुलाई की भी दी इजाजत-

सरकार ने नाइट्रोजन टैंकरों के जरिये तरल ऑक्सीजन की ढुलाई की इजाजत दे दी है और इसके लिए 31 जुलाई तक किसी प्रकार की सरकारी इजाजत की जरूरत नहीं होगी।

उद्योग जगत ने भी बढ़ाया ऑक्सीजन का उत्पादन-

इसके चलते उद्योग जगत ने भी ऑक्सीजन के उत्पादन में तेजी शुरू कर दी है। जिससे ऑक्सीजन का उत्पादन को तेजी से बढ़ाए जाने लगा है।