उत्तराखंड: उत्तराखंड में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन की समस्या से निपटने के लिए धामी सरकार ने एक अनूठी पहल की है।
सरकार का कदम
जिसमें प्रदेश के 108 नगर निकायों में संसाधनों की कमी और बजट की किल्लत को दूर करने के लिए अब शराब की प्रत्येक बोतल पर 1 रुपये का अतिरिक्त उपकर (सेस) लगाने की तैयारी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक शहरी विकास विभाग द्वारा तैयार किए गए इस प्रस्ताव को जल्द ही मुख्य सचिव के समक्ष रखा जाएगा। वर्तमान आबकारी नीति के तहत उत्तराखंड में शराब की प्रति बोतल पर पहले से ही 3 रुपये अतिरिक्त शुल्क लिया जा रहा है। नया प्रस्ताव लागू होने के बाद यह राशि बढ़कर 4 रुपये हो जाएगी।
यह व्यवस्था
प्रदेश में वर्तमान में रोजाना लगभग 2100 टन कूड़ा निकलता है, लेकिन संसाधनों के अभाव में मात्र 40 से 45 प्रतिशत कचरे का ही निस्तारण हो पा रहा है। सचिव (शहरी विकास) नितेश कुमार झा के अनुसार, इस नए सेस से मिलने वाली राशि का उपयोग निकायों के रोजमर्रा के खर्चों और कचरा निस्तारण की आधुनिक व्यवस्था बनाने में किया जाएगा।