10 अगस्त: विश्व शेर दिवस आज, शेरों के शिकार को रोकने और उसके संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना खास उद्देश्य, जानें इतिहास व इनकी आबादी के आंकड़े

आज 10 अगस्त 2025 है। आज विश्व शेर दिवस मनाया जाता है। हर साल 10 अगस्त विश्व शेर दिवस के तौर पर मनाया जाता है। इसका उद्देश्य शेरों के शिकार को रोकने और उसके संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।

शेरों का संरक्षण बेहद जरूरी

विश्व शेर दिवस एक वार्षिक कार्यक्रम है जो 10 अगस्त को मनाया जाता है। इस दिन का मुख्य उद्देश्य शेरों के संरक्षण के लिए जागरूकता बढ़ाना, उनके आवासों की रक्षा करना और अवैध शिकार और मानव-वन्यजीव संघर्ष जैसी चुनौतियों का समाधान करना है। इसके साथ ही शेर एक महत्वपूर्ण प्रजाति है जो पारिस्थितिकी तंत्र के स्वास्थ्य को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। शेरों को कई खतरों का सामना करना पड़ता है, जिसमें आवास का नुकसान, अवैध शिकार और जलवायु परिवर्तन शामिल हैं, जिसके कारण उनकी आबादी में गिरावट आई है। 

जानें कब हुई शुरूआत

विश्व शेर दिवस की शुरुआत पहली बार साल 2013 में बिग कैट रेस्क्यू द्वारा की गई थी, जो शेरों को समर्पित दुनिया का सबसे बड़ा अभयारण्य है। इसकी सह-स्थापना डेरेक और बेवर्ली जौबर्ट ने की थी, जोकि पति-पत्नी थे। उन्होंने जंगल में रहने वाले शेरों की रक्षा के लिए नेशनल ज्योग्राफिक और बिग कैट इनिशिएटिव दोनों को एक ही बैनर के तहत लाने की पहल शुरू की और तब से 10 अगस्त को विश्व शेर दिवस मनाया जाता है। एक मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक भारत में, राष्ट्रीय प्रतीक में शक्ति का प्रतीक एशियाई शेर की आबादी सफल संरक्षण प्रयासों के कारण वर्ष 2015 में 523 से बढ़कर वर्ष 2020 में लगभग 674 हो गई है।