अल्मोड़ा: सरकार के तुगलगी फरमान व जबरन थोपी जा रही योजना का पर्वतीय सस्ता गल्ला विक्रेताओं ने किया विरोध, धरने‌ की चेतावनी

अल्मोड़ा से जुड़ी खबर सामने आई है। अल्मोड़ा में आज दिनांक 07-03-2025 को पर्वतीय सस्ता गल्ला विक्रेता संघ के जिला अध्यक्ष संजय साह रिक्खू ने प्रेस विज्ञप्ति जारी की।

कहीं यह बात

जिसमें कहा कि सरकार द्वारा समय-समय पर नए-नए नियमों को जबरन सरकारी सस्ता गल्ला विक्रेताओं के ऊपर थोपा जा रहा है, जबकि सभी जानते हैं कि मैदान और पहाड़ की भौगोलिक परिस्थितियां अलग-अलग है। बताया कि डीलरों के द्वारा जो लगभग सात माह का राशन आंगनबाड़ी का दिया गया है, उसका भी और अभी तक कोरोना काल में बांटे गए मुक्त राशन का भी सरकार द्वारा भुगतान नहीं हो पाया है। कहा कि 9 माह का बकाया भुगतान प्रधानमंत्री खाद्य सुरक्षा योजना का भी नहीं किया गया है। अभी तक डीलरों के पूरे 16 माह का भुगतान नहीं किया गया है। जबकि सरकार द्वारा अब नए मानको के तहत डीलरों के परिवार के दो सदस्यों जिनको नॉमिनी बनाना है उनका भी स्पष्ट नहीं किया गया है कि इन दो लोगों को नॉमिनी बनाने में उनका क्या मकसद है। सरकार द्वारा जबरन एफपीएस मशीन को दुकानों में लगाई जा रही है। जब तक हमारा पूर्ण बकाया भुगतान नहीं होगा और प्रति कुंतल ₹400 लाभांश नहीं किया जाएगा, तब तक सरकारी सस्ता गल्ला विक्रेता सरकार के इन सभी तुगलगी फरमान का व जबरन थोपी जा रही योजना का पूर्व विरोध करेगा।

धरने की चेतावनी

कहा कि जो डीलर संगठन के द्वारा लिए गए निर्णय में संगठन का साथ नहीं देगा। कहा कि संगठन भी पूरी गंभीरता से उनके दुख दर्द परेशानी में उनके साथ कंधे से कंधा मिलकर नहीं चलेगा ऐसे में डॉलर स्वयं अपनी जिम्मेदारी लेंगे। डीलर पर बेवजह नियमों को थोपा जाएगा तो संगठन को मजबूरन होकर धरना प्रदर्शन करना पड़ेगा। जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी विभाग की होगी।

रहें उपस्थित

इस बैठक में मुख्य रूप से दिनेश गोयल, केसर सिंह, अभय शाह, मनोज वर्मा, नारायण सिंह, इंद्र सिंह डसीला, कुंवर सिंह चम्याल, गोविंद फर्तियाल, सुरेश सांगा, नंदन बिष्ट, जगत सिंह, पवन सिंह, राजन बिष्ट, बालम सिंह आदि लोग उपस्थित रहें। बैठक का संचालन महामंत्री केसर सिंह खन्नी व अध्यक्षता संजय साह रिक्खू ने किया