उत्तराखंड से जुड़ी खबर सामने आई है। उत्तराखंड में अब जो खतरे वाले स्थान होंगे, उन्हें नो सेल्फी जोन घोषित किया जाएगा।
भेजा गया पत्र
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस जगहों पर सेल्फी लेने पर प्रतिबंध रहेगा। इसके अलावा सुरक्षित स्थानों को चिह्नित कर उन्हें सेल्फी जोन के तौर पर विकसित किया जाएगा। ऐसे सेल्फी स्थलों का जिला प्रशासन, स्थानीय नगर निकाय, जिला पंचायत, क्षेत्र पंचायत, ग्राम पंचायत व अन्य संस्थाओं के माध्यम से प्रस्ताव तैयार किया जाएगा। बताया गया है कि इसकी जिम्मेदारी स्थानीय लोगों और महिला स्वयं सहायता समूहों को दिया जा सकता है। सुरक्षित सेल्फी के संबंध में सचिव (आपदा प्रबंधन) विनोद कुमार सुमन ने प्रशासन, पुलिस के उच्चाधिकारियों, डीएम व पुलिस कप्तानों को विस्तृत दिशा-निर्देश को लेकर पत्र भेजा है।