नई दिल्ली में AIIMS, नई दिल्ली द्वारा आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन में कुमाऊं की प्रसिद्ध स्पीच लैंग्वेज पैथॉलजिस्ट एवं ऑडियोलॉजिस्ट अंजली सनवाल, निदेशक – Sanwal Clinic of Speech and Hearing, को Speech & Hearing के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य एवं श्रेष्ठ प्रथाओं (Best Practices) के लिए सम्मानित किया गया।
किया गया सम्मानित
यह सम्मान उत्तराखंड के लिए गर्व का विषय रहा। इस सम्मेलन का मुख्य विषय था – “Speech & Voice Disorders – Innovative Clinical Approaches” जिसमें देशभर से अनेक अनुभवी Speech & Hearing विशेषज्ञों, शोधकर्ताओं और छात्रों ने भाग लिया। इस सम्मेलन में उन्होंने Puberphonia (पतली आवाज), Vocal Nodules, Vocal Cord Palsy, Tinnitus Management, तुतलाने एवं हकलाने जैसी समस्याओं के उपचार पर आधारित अपने शोध कार्य को प्रस्तुत किया। उन्होंने बताया कि एक नई तकनीक के माध्यम से प्यूबरफोनिया (पतली आवाज़) जैसे जटिल वॉइस डिसऑर्डर को सफलतापूर्वक ठीक किया जा सकता है। इस रिसर्च को उपस्थित विशेषज्ञों ने अत्यंत सराहनीय बताते हुए Exemplary Clinical Achievement की श्रेणी में सम्मानित किया।
वीडियो डाक्यूमेंटेशन के माध्यम से दिया प्रस्तुतिकरण
इस सम्मेलन के दौरान अंजली सनवाल ने एक ऐसे रोगी की केस स्टडी प्रस्तुत की, जिसे लंबे समय से आवाज़ संबंधित समस्या थी और कई प्रयासों के बावजूद सुधार नहीं हो रहा था। उनकी नई तकनीक से कम समय में प्रभावशाली परिणाम प्राप्त हुए, जिसे उन्होंने वीडियो डाक्यूमेंटेशन के माध्यम से AIIMS के विशेषज्ञों के समक्ष प्रस्तुत किया। इस प्रस्तुति को काफी सराहना मिली और इसे Speech Therapy के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपचारात्मक उपलब्धि माना गया।
अनुभव व शोध की सराहना
Sanwal Clinic of Speech and Hearing वर्तमान में कुमाऊं क्षेत्र में चार शाखाओं के माध्यम से सेवाएँ प्रदान कर रहा है। सम्मेलन में उपस्थित विशेषज्ञों और छात्रों ने अंजली सनवाल के अनुभव व शोध की सराहना की और कहा कि उनका कार्य भविष्य में स्पीच थेरेपी की दिशा बदल सकता है।
ग्रामीण एवं शहरी दोनों क्षेत्रों में भाषण एवं श्रवण संबंधी समस्याओं का हो रहा निदान
हल्द्वानी (मुख्य शाखा), रुद्रपुर, अल्मोड़ा और नैनीताल में इस नेटवर्क के माध्यम से ग्रामीण एवं शहरी दोनों क्षेत्रों में भाषण एवं श्रवण संबंधी समस्याओं का सफलतापूर्वक निदान और उपचार किया जा रहा है।