उत्तराखंड: नैनीताल हाईकोर्ट ने सुनाया यह बड़ा फैसला, कहा- सुगम-दुर्गम के आधार पर अब नहीं होगा ट्रांसफर

उत्तराखंड से जुड़ी खबर सामने आई है। उत्तराखंड हाईकोर्ट ने सरकारी विद्यालयों में स्थानांतरण के लिए 2018 के सर्कुलर के माध्यम से किए गए सुगम-दुर्गम वर्गीकरण को मानने से मना कर दिया है।

हाईकोर्ट का निर्णय

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक न्यायाधीश न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की एकलपीठ ने सरकारी शिक्षक अंजू सहित अन्य की याचिकाओं पर सुनवाई की। साथ ही यह महत्वपूर्ण निर्णय सुनाया। साथ ही हाईकोर्ट ने कहा है कि अन्य आधार पर सरकारी विभाग किसी भी कर्मचारी का स्थानांतरण एक जगह से दूसरी जगह करने के लिए स्वतंत्र हैं। साथ ही हाईकोर्ट ने आदेश दिया कि पिछले साल नौ अप्रैल को हाई कोर्ट की ओर से जारी आदेश बहुत स्पष्ट था, जिसके तहत सरकार को खास स्थितियों में स्थानांतरण करने की अनुमति दी गई थी, जिसमें लंबा कार्यकाल भी शामिल था, जिसकी जांच सरकार देहरादून, हरिद्वार, हल्द्वानी, रुद्रपुर, रामनगर और कोटद्वार जैसे मैदानी क्षेत्रों में बिताए गए समय के आधार पर कर सकती थी।यह तर्क दिया गया कि यह एक्ट सुगम और दुर्गम क्षेत्रों के वर्गीकरण के मामले में मनमाना लगता है।