अल्मोड़ा: राजकीय बाल किशोरी गृह की बालिकाओं के लिए शुरू हुआ तीन दिवसीय निःशुल्क कंप्यूटर प्रशिक्षण

अल्मोड़ा: उत्तराखण्ड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA) अल्मोड़ा के अध्यक्ष श्रीकांत पाण्डेय के मार्गदर्शन में आज जनपद में शिक्षा और विधिक जागरूकता की एक नई पहल की गई।

दी यह जानकारी

सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण,शचि शर्मा द्वारा सी.सी.आई.एस. एकेडमी फॉर एडवांस सोसाइटी में राजकीय बाल किशोरी गृह (बख) की बालिकाओं हेतु तीन माह के निःशुल्क कंप्यूटर प्रशिक्षण कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया गया। कंप्यूटर प्रशिक्षण के शुभारंभ के साथ ही, सचिव द्वारा सी.सी.आई.एस. एकेडमी और जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (DIET) अल्मोड़ा में एन.एस.एस. (NSS) स्वयंसेवियों के मध्य विधिक जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया। कार्यक्रमों की शुरुआत नालसा (NALSA) के थीम गीत “एक मुठ्ठी आसमान” के साथ हुई, जिसने उपस्थित युवाओं में उत्साह का संचार किया।

महत्वपूर्ण कानूनी जानकारियों से कराया अवगत

​शिविर के दौरान सचिव सुश्री शचि शर्मा ने उपस्थित छात्र-छात्राओं और नागरिकों को विभिन्न जन-कल्याणकारी योजनाओं और कानूनों की विस्तृत जानकारी दी, जिनमें मुख्य रूप से शामिल रहें।
• ​नालसा वीर परिवार सहायता योजना 2025 एवं नालसा संवाद योजना 2025।
• ​बाल विवाह व दहेज निषेध अधिनियम।
• ​कार्यस्थल पर महिलाओं के यौन उत्पीड़न (रोकथाम, निषेध और निवारण) अधिनियम, 2013।
• ​भरण-पोषण, संपत्ति एवं उत्तराधिकार के अधिकार।
• ​निःशुल्क कानूनी सहायता और नालसा हेल्पलाइन नंबर 15100 की उपयोगिता।

इस अभियान पर जोर

​सचिव ने जानकारी दी कि जनपद में 02 जनवरी 2026 से 90 दिवसीय विशेष मध्यस्थता अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने लोगों को आपसी विवादों को स्थाई लोक अदालत और मध्यस्थता के माध्यम से सुलझाने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों को कानूनी अधिकारों से संबंधित पंपलेट वितरित किए गए। इन शिविरों में ‘अधिकार मित्रों’ ने भी अपनी सक्रिय सहभागिता दर्ज कराई।