उत्तराखंड: यमुनोत्री धाम रोपवे से जुड़ी अपडेट,नए अलाइनमेंट से इतने प्रतिशत कम कटेगा जंगल व घंटों का सफर 15 मिनट में होगा पूरा

उत्तराखंड: चारधाम यात्रा को सुगम बनाने की दिशा में यमुनोत्री धाम रोपवे परियोजना को लेकर एक जरूरी खबर सामने आई है। उत्तराखंड शासन ने रोपवे के नए अलाइनमेंट (मार्ग) को मंजूरी दे दी है।

इतनी लंबाई

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक नए अलाइनमेंट के लागू होने से परियोजना के लिए लगने वाले टावरों की संख्या 16 से घटाकर 9 कर दी गई है। इससे वन भूमि की आवश्यकता में 74 प्रतिशत की बड़ी कमी आई है। पहले जहां 3.838 हेक्टेयर वन भूमि की जरूरत थी, वहीं अब महज 0.99 हेक्टेयर भूमि ही इस्तेमाल होगी। वहीं रोपवे की कुल लंबाई 3.38 किमी से बढ़कर 3.82 किमी हो गई है, लेकिन घने जंगलों से गुजरने वाला हिस्सा घटकर 2.35 किमी रह गया है। इस नए बदलाव से न केवल पर्यावरण का नुकसान बेहद कम होगा, बल्कि आपात स्थिति में श्रद्धालुओं के रेस्क्यू की चुनौती भी दूर हो जाएगी। यह रोपवे सालाना लगभग 175 दिन और प्रतिदिन 9 घंटे संचालित करने का प्रस्ताव है।

3 घंटे की दुर्गम चढ़ाई होगी कम

जानकीचट्टी से यमुनोत्री धाम तक का 5 से 6 किलोमीटर का दुर्गम पैदल मार्ग तय करने में श्रद्धालुओं को फिलहाल 2.5 से 3 घंटे लगते हैं। रोपवे शुरू होने के बाद यह सफर महज 15 मिनट में पूरा हो जाएगा। लगभग 167 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाली इस परियोजना में आधुनिक ‘मोनोकेबल डिटेचेबल गोंडोला’ तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। इसकी क्षमता प्रति घंटे लगभग 580 यात्रियों को ले जाने की होगी।