अल्मोड़ा: कल 16 सितंबर से सजेगा ऐतिहासिक मां नंदादेवी मेला, कदली वृक्षों से बनेंगी मूर्तियां, एडम्स मैदान में सजेगा आठ दिवसीय महाकुंभ

अल्मोड़ा: सांस्कृतिक नगरी अल्मोड़ा एक बार फिर मां नंदादेवी की भक्ति में लीन होने जा रही है। इस वर्ष का ऐतिहासिक आठ दिवसीय नंदादेवी मेला 16 से 23 सितंबर तक बड़े ही धूमधाम और धार्मिक आस्था के साथ आयोजित किया जाएगा।

दी जानकारी

नंदादेवी मंदिर परिसर के साथ-साथ इस बार एडम्स मैदान में भी विविध धार्मिक, सांस्कृतिक और मनोरंजक गतिविधियों का आयोजन होगा। नंदादेवी मंदिर परिसर में आयोजित एक पत्रकार वार्ता के दौरान मेला समिति के पदाधिकारियों ने मेले की रूपरेखा और तैयारियों की विस्तृत जानकारी साझा की।

देखें प्रमुख तिथियां

• ​16 सितंबर: भव्य शोभायात्रा के साथ मेले का आधिकारिक शुभारंभ।
• ​17 सितंबर: मूर्ति निर्माण हेतु कदली वृक्ष आमंत्रण की विशेष परंपरा।
• ​18 सितंबर (अष्टमी): विधि-विधान से कदली वृक्षों को मंदिर परिसर में लाना और मां नंदादेवी की मूर्तियों का निर्माण शुरू होना।
• ​23 सितंबर: मां नंदादेवी के डोले की भव्य शोभायात्रा और जलाशय में विसर्जन के साथ मेले का समापन।

स्थानीय के साथ राष्ट्रीय कलाकारों को मिलेगा मंच

मेला समिति ने स्पष्ट किया कि आयोजन में स्थानीय कलाकारों और लोक सांस्कृतिक दलों को विशेष तरजीह दी जाएगी। इसके अलावा, रंगारंग प्रस्तुतियों का दायरा बढ़ाते हुए दिल्ली और मुंबई के कलाकारों को भी आमंत्रित किया जा रहा है, जिससे श्रद्धालुओं को राष्ट्रीय स्तर की कला और संस्कृति देखने का मौका मिलेगा। मेला समिति के पदाधिकारियों के अनुसार, नंदादेवी मेला केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं बल्कि अल्मोड़ा की समृद्ध विरासत और लोक परंपरा का प्रतीक है। हर साल की तरह इस बार भी हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं और पर्यटकों के जुटने की उम्मीद है, जिसके लिए सुरक्षा और अन्य व्यवस्थाएं चाक-चौबंद की जा रही हैं।

रहें उपस्थित

पत्रकार वार्ता में अध्यक्ष मनोज वर्मा, सचिव मनोज सनवाल, सांस्कृतिक संयोजक अर्जुन बिष्ट, संरक्षक अनूप साह, रवि गोयल, मुन्ना वर्मा, राजेन्द्र बिष्ट और जगत तिवारी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।