लाल किला ब्लास्ट के बाद दिल्ली में अलर्ट जारी, जांच में जुटी खुफिया एजेंसी, दिल्ली पुलिस कमिश्नर का सामने आया बयान

देश दुनिया की खबरों से हम आपको रूबरू कराते रहते हैं। एक ऐसी खबर हम आपके सामने लाए हैं। दिल्ली के लाल किले के पास बीते कल धमाका होने से हड़कंप मच गया।

धमाके से दहला दिल्ली

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक यह घटना दिल्ली के लाल किला मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर 1 पर हुआ। जब एक गाड़ी में धमाका हुआ। जिससे आसपास की दुकानों के दरवाजे-खिड़कियां टूट गईं और इलाके में दहशत फैल गई। रिपोर्ट्स के मुताबिक लाल किला मेट्रो स्टेशन गेट नंबर 1 के पास एक कार में हुए शक्तिशाली विस्फोट में कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए। विस्फोट की वजह से कई और वाहन भी जल गए।

जांच में जुटी टीम

रिपोर्ट्स के मुताबिक इस घटना के बारे में दिल्‍ली पुलिस कमिश्‍नर सतीश गोलचा ने जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि शाम छह बजकर 52 मिनट पर एक गाड़ी रेडलाइट पर आकर रुकी। उसमें अचानक ब्लास्ट हुआ. ब्लास्ट के वक्त लोग उसमें ही थे। इस ब्लास्ट से आसपास की गाड़ियों में भी ब्लास्ट हुआ। जांच टीमें मौके पर पंहुची। धमाके का असर 200 मीटर तक था। कहा कि गाड़ी की रफ्तार बहुत धीमी थी और जैसे ही वह सिग्नल पर रुकी, धमाका हुआ जिससे आसपास के वाहनों को नुकसान पहुंचा। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि मौके पर एफएसएल, एनआईए और अन्य जांच एजेंसियां पहुंच चुकी हैं, और हर पहलू की बारीकी से जांच की जा रही है। वहीं स्पेशल सेल टीम फोरेंसिक एक्सपर्ट के साथ जिस गाड़ी में ब्लास्ट हुआ उसके टूटे पुर्जों से गाड़ी का नंबर तलाशने में जुटी है। रिपोर्ट्स के मुताबिक दिल्ली पुलिस की प्रारंभिक जांच से पता चला है कि कार में केवल एक व्यक्ति मौजूद था, जो डॉ. उमर उ नबी था। जो जम्मू-कश्मीर के पुलवामा ज़िले के कोइल गांव का रहने वाला था। वह अल-फलाह मेडिकल कॉलेज, फरीदाबाद में डॉक्टर के रूप में कार्यरत था। रिपोर्ट्स के मुताबिक 10 दिन पहले फरीदाबाद निवासी एक व्यक्ति ने यह गाड़ी उमर को बेची थी। इससे पुलिस को स्पष्ट दिशा मिली है कि इस वारदात में फरीदाबाद और कश्मीर के नेटवर्क का गहरा संबंध है। दिल्ली पुलिस सूत्रों के मुताबिक, लाल किला ब्लास्ट एक सामान्य धमाका नहीं है। यह एक बड़ा बम ब्लास्ट है। शुरुआती जांच में ये एक बड़ी आतंकी घटना लग रही है। जांच जारी है।