अल्मोड़ा से जुड़ी खबर सामने आई है। अल्मोड़ा में हवालबाग और ताकुला ब्लॉकों की सीमा पर स्थित विजयपुर पाटिया गांव में गोवर्धन के दिन चार गांवों की बग्वाल संपन्न हुई। यह परंपरा सदियों से चली आ रही है।
पाषाण युद्ध-
बता दें कि पत्थरों की बग्वाल में दो-दो गांव के बग्वालीवीर एक दल में शामिल होकर दूसरे दल पर जमकर पत्थर बरसाते हैं। जो भी दल का सदस्य सबसे पहले नदी में उतर का पानी पी लेता है। उस दल को विजयी घोषित कर दिया जाता है। इस बार 46 मिनट तक चले पाषाण युद्ध में छह से अधिक बग्वालीवीर घायल हुए। युद्ध में चार गांवों के 100 से अधिक वीर शामिल हुए। दोनों ओर से हो रही पत्थरों की बारिश के बीच पाटिया-भटगांव के देवेंद्र ने पिलख्वाल पंचघटिया नदी का पानी सबसे पहले पीकर बग्वाल जीती। जैसे ही उन्होंने पानी पीया शंख ध्वनि के साथ पत्थरों की बरसात रुक गई।