बागेश्वर खड़िया खनन मामला: कई गांवों में खड़िया खनन से आई दरारों के मामले में हाईकोर्ट ने की सुनवाई, अगली सुनवाई 28 जुलाई को होगी

उत्तराखंड से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। नैनीताल हाईकोर्ट ने बागेश्वर की तहसील कांडा के कई गांवों में खड़िया खनन से आई दरारों के मामले में स्वतः संज्ञान लेकर पंजीकृत की गई जनहित याचिकाओं पर सुनवाई की।

इस दिन होगी अगली सुनवाई

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक मुख्य न्यायाधीश जी नरेंदर एवं न्यायमूर्ति आलोक मेहरा की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। जिसके बाद हाईकोर्ट ने इस सुनवाई के बाद मामले की अगली सुनवाई के लिए 28 जुलाई की तिथि नियत की है।

पर्यावरण को भी नुकसान

दरअसल बागेश्वर में अवैध खनन की समस्या से ग्रामीण लंबे समय से परेशान थे। साथ ही इससे पर्यावरण को भी खतरा बना हुआ था। इस मामले के अनुसार पूर्व में कांडा तहसील के ग्रामीणों ने मुख्य न्यायाधीश को पत्र भेजा था। जिसमें कहा था कि अवैध खड़िया खनन से उनकी खेतीबाड़ी, घर, पानी की लाइनें चौपट हो चुकी हैं। यहां 147 खड़िया की खदान हैं। वहां पर पोकलैंड जैसी भारी मशीनों से खनन हुआ है। जिससे वहां दरारें आई हैं।