चंपावत: दुर्गम रास्तों की परवाह किए बिना रौकुंवर गांव पहुंचे डीएम, ग्रामीणों की समस्याएं सुन मौके पर दिए समाधान के निर्देश

चंपावत: चंपावतजिले के सुदूरवर्ती क्षेत्रों में जनसमस्याओं के निस्तारण के लिए डीएम मनीष कुमार ने एक सराहनीय पहल की है। जिलाधिकारी ने विकासखंड चंपावत के अंतर्गत ग्राम पंचायत भंडार बोरा के अति-दूरस्थ गांव रौकुंवर पहुंचकर ग्रामीणों के बीच चौपाल लगाई और उनकी समस्याओं का मौके पर ही समाधान सुनिश्चित किया

3 किमी का पैदल सफर तय कर पहुंचे गांव

​जिलाधिकारी के इस दौरे की खास बात यह रही कि वे बसौटी माफी से रौकुंवर तक का लगभग तीन किलोमीटर का दुर्गम जंगली रास्ता पैदल तय कर गांव पहुंचे। अपने बीच जिलाधिकारी को इस तरह पैदल पहुंचकर देख ग्रामीण गदगद हो उठे और उन्होंने खुशी-खुशी उनका स्वागत किया।

सड़क और पुल निर्माण को दी प्राथमिकता

​चौपाल के दौरान ग्रामीणों ने जिलाधिकारी के समक्ष अपनी मूलभूत समस्याओं को रखा, जिनमें सड़क निर्माण सबसे प्रमुख मांग रही। जिलाधिकारी ने ग्रामीणों की परेशानियों को देखते हुए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY): के तहत तत्काल आवश्यक कार्रवाई शुरू करने के निर्देश दिए। साथ ही गांव के टूटे रास्तों और पुलों की मरम्मत के लिए खंड विकास अधिकारी (BDO) को प्राथमिकता के आधार पर कार्य करने को कहा।

खुद डायरी में दर्ज की एक-एक समस्या

​संवेदनशीलता का परिचय देते हुए जिलाधिकारी मनीष कुमार ने चौपाल में मौजूद हर ग्रामीण की बात को गंभीरता से सुना। उन्होंने प्रत्येक शिकायत को स्वयं अपनी डायरी में अंकित किया और संबंधित विभाग के अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से निस्तारण के आदेश दिए‌। ग्रामीणों ने सड़क और पुल के अलावा बिजली के पोल, पेयजल आपूर्ति, जन्म प्रमाणपत्र बनवाने और सुरक्षा दीवार के निर्माण जैसी समस्याओं से भी उन्हें अवगत कराया। जिलाधिकारी के इस दौरे से क्षेत्र के लोगों में अपनी समस्याओं के जल्द हल होने की उम्मीद जगी है।