आज 26 मार्च 2026 है। आज महातारा जयंती मनाई जाती है। महातारा जयंती हर साल चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की नवमी (रामनवमी) को मनाई जाती है। यह दस महाविद्याओं में से एक, देवी तारा के अवतरण का दिन है, जो ज्ञान, मोक्ष और शक्ति की देवी मानी जाती हैं। इस दौरान जगत की देवी मां दुर्गा और उनके नौ रूपों की पूजा की जाती है। साथ ही उनके निमित्त नवरात्र का व्रत रखा जाता है।
मां तारा देवी
हिन्दू धर्मशास्त्रों के अनुसार देवी तारा को ज्ञान एवं मोक्ष देने वाली देवी माना गया हैं। इस देवी को नील सरस्वती के रूप में भी जाना जाता है। यह देवी हाथ में खड्ग, तलवार और कैंची को शस्त्र के रूप में धारण दिखाई पड़ती हैं। इन्हें तंत्र साधना की देवी माना गया है, जो अत्यंत शक्तिशाली, बहुत ऊर्जावान तथा शीघ्र परिणाम देने वाली देवी हैं। देवी तारा की साधना करने वाले भक्तों को माता आकस्मिक लाभ, अकूत संपत्ति तथा समृद्धिभरा जीवन प्रदान करती है।
जानें शुभ मुहूर्त
हर साल चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि पर महातारा जयंती मनाई जाती है। इस साल चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि की शुरुआत 26 मार्च को सुबह 11 बजकर 48 मिनट पर होगी। वहीं, 27 मार्च को सुबह 10 बजकर 06 मिनट पर नवमी तिथि समाप्त होगी। इस प्रकार 26 मार्च को महातारा जयंती और रामनवमी मनाई जाएगी।