देश दुनिया की खबरों से हम आपको रूबरू कराते रहते हैं। एक ऐसी खबर हम आपके सामने लाए हैं। दिल्ली के वसंत कुंज इलाके में स्थित श्री शारद इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड रिसर्च की छात्राओं के साथ यौन उत्पीड़न के आरोपी स्वामी चैतन्यानंद सरस्वती पुलिस गिरफ्त में हैं।
आगरा से ढोंगी बाबा की हुई थी गिरफ्तारी
जिसको लेकर आए दिन नए खुलासे हो रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस मामले में वसंत कुंज उत्तरी थाना पुलिस ने इंस्टीट्यूट में कार्यरत तीन महिला अधिकारी श्वेता शर्मा (एसोसिएट डीन), भावना कपिल (कार्यकारी निदेशक) और काजल (सीनियर फैकल्टी) को पाबंद किया है। इन्हें छात्राओं को उकसाने, धमकी देने और सबूत नष्ट करने के आरोप में पाबंद किया है। हालांकि इन्हें गिरफ्तार नहीं किया गया है लेकिन जब पुलिस इन्हें पेश होने के लिए कहेगी, इन्हें आना पड़ेगा।
फोन से सबूत बरामद
रिपोर्ट्स के मुताबिक पुलिस को चैतन्यानंद के बारे में एक से एक कारनामे की जानकारी मिलती जा रही है। इसी कड़ी में पुलिस टीम ने अल्मोड़ा स्थित एक गेस्ट हाउस का भी दौरा किया। जहां चैतन्यानंद कुछ माह पहले कुछ छात्राओं के साथ यहां रुका था। जांच में इस बात की पुष्टि हुई है। पुलिस को चैतन्यानंद के मोबाइल से अल्मोड़ा गेस्ट हाउस के कई सबूत बरामद हुए हैं।
छात्राओं से योन उत्पीड़न का आरोप
रिपोर्ट्स के मुताबिक ओडिशा से ताल्लुकात रखने वाले स्वामी चैतन्यानंद सरस्वती को पहले डॉ. पार्थसारथी के नाम से जाना जाता था। वह खुद को संत बताता है और लगभग 12 साल से आश्रम में रह रहा है। चैतन्यानंद पर 17 लड़कियों ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है। वहीं पुलिस जांच के दौरान 32 छात्राओं के बयान दर्ज किए गए, जिनमें से 17 ने छात्राओं ने आरोप लगाया कि उनके साथ अपमानजनक भाषा, अश्लील वॉट्सएप/एसएमएस संदेश और अवांछित शारीरिक संपर्क का आरोप लगाया।