उत्तराखंड के पत्रकार की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत पर राहुल गांधी ने उठाए सवाल, की निष्पक्ष जांच की मांग

उत्तराखंड के उत्तरकाशी के पत्रकार राजीव प्रताप की मौत पर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने दुख व्यक्त किया है और इस मांग की है‌ कि इस घटना की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच होनी चाहिए और पीड़ित परिवार को तुरंत न्याय मिलना चाहिए।

कहीं यह बात

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक राहुल गांधी ने मंंगलवार को एक्स पर एक पोस्ट किया। जिसमें उन्होंने कहा कि “उत्तराखंड के युवा पत्रकार राजीव प्रताप का लापता होना और फिर मृत पाए जाना केवल दुखद नहीं, बल्कि भयावह है। इस कठिन समय में शोकाकुल परिवार के प्रति मेरी संवेदनाएं हैं।” सच को सामने लाने के लिए काम करने वाले पत्रकारों को सुरक्षित माहौल मिलना जरूरी है। उन्होंने आगे कहा कि भाजपा के शासन में ईमानदार पत्रकारिता को भय और असुरक्षा का सामना करना पड़ रहा है। जो लोग सच लिखते हैं और जनता के लिए आवाज उठाते हैं, उन्हें धमकियों और हिंसा के माध्यम से चुप कराने का प्रयास किया जा रहा है। राजीव प्रताप की मृत्यु की घटना इस प्रकार के षड़यंत्र की ओर इशारा करती है।

पुलिस कर रही जांच

रिपोर्ट्स के मुताबिक पत्रकार राजीव प्रताप दिल्ली-उत्तराखंड लाइव यूट्यूब चैनल चलाते थे। जो‌ 18 सितंबर की रात को लापता हुए थे। अगले दिन उनकी क्षतिग्रस्त कार स्यूणा के पास भागीरथी नदी के किनारे मिली, जिसमें केवल उनकी चप्पलें थीं, लेकिन राजीव का कोई पता नहीं चला। वहीं दस दिनों की खोज के बाद, रविवार को पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीम ने उनका शव जोशियाड़ा बैराज से बरामद किया।