आईआईटी रुड़की में भूकंप अभियांत्रिकी पर आधारित संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इसमें कई देशों के वैज्ञानिकों ने भाग लिया। इस अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी में भूकंप से बचाव एवं भूकंप रोधी भवन बनाने पर जोर दिया गया।
मुख्य मंत्री डॉ. एस एस संधु
साथ ही ऑर्ली वार्निंग के भूकंप से भूकंप से पूर्व मानव संचार और कम से कम जान माल की विषय पर प्रकाशित हुआ। मुख्य अतिथि के रूप में आये डॉ. एस संधु ने इस मौके पर बताया कि इस संगोष्ठी में भूकंप से पहले सूचना तथा बचाव को लेकर लोगों ने अपने-अपने शोध पर आधारित विचार रखे।
आईआईटी भूकंप रोधी तकनीक पर काम कर रही
आईआईटी रुड़की के निदेशक प्रोफेसर के.के. पंत ने कहा कि आईआईटी रुड़की भूकंप रोधी तकनीक पर काम कर रही है और भूकंप से पूर्व सूचना मिल पाए इस बारे में सेंसर भी इजाद किया गया है ताकि भूकंप से पहले सूचना लोगों को मिल सके और उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने का मौका मिल सके।