अल्मोड़ा: जिला मुख्यालय और उसके आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में पिछले एक सप्ताह से जारी अनियमित बिजली आपूर्ति ने स्थानीय निवासी और व्यापारी बेहाल है। ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली कटौती से लोग परेशान हैं।
बिजली आपूर्ति प्रभावित
आधे-आधे घंटे के अंतराल पर हो रही अघोषित बिजली कटौती से जहाँ लोगों के रोजमर्रा के घरेलू कामकाज प्रभावित हो रहे हैं, वहीं लघु कुटीर उद्योगों से जुड़े कारोबारियों की समस्याएँ लगातार बढ़ रही हैं। साथ ही इससे सबसे बुरा असर छात्र-छात्राओं और युवाओं पर पड़ रहा है। विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं और स्कूली बच्चों की पढ़ाई बुरी तरह बाधित हो रही है। इसके अलावा, बिजली पर निर्भर रहने वाले इलेक्ट्रिक व्यापारियों तथा फोटोस्टेट (फैक्स/ज़ेरॉक्स) का व्यवसाय करने वाले दुकानदारों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।
इन क्षेत्रों में सबसे बुरा हाल
मुख्यालय के प्रमुख रिहायशी इलाकों और ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली संकट गहराया हुआ है, जिनमें धारानौला, ढूंगाधारा, बल्ढौटी और पूर्वी पोखरखाली, सिकुड़ा, गोलना करड़िया, बख और राजपुरा शामिल हैं। इन सभी क्षेत्रों में सुबह से ही हर आधे घंटे में बत्ती गुल हो रही है, और यही सिलसिला शाम ढलने के बाद भी जारी रहता है। जिस पर लोगों ने ऊर्जा निगम के उच्च अधिकारियों से बिजली आपूर्ति को तत्काल सुचारू करने की मांग की है।