उत्तराखंड: 24 घंटे जलापूर्ति से बदली इतने लाख लोगों की जिंदगी, मुरीद हुए वर्ल्ड बैंक के एमडी, कहीं यह बात

उत्तराखंड: उत्तराखंड में विश्व बैंक के सहयोग से चल रही विकास योजनाओं के प्रभाव का जायजा लेने उच्चस्तरीय टीम पंहुची। टीम ने देहरादून के डोईवाला स्थित खदरी खड़कमाफी क्षेत्र का दौरा किया।

किया निरीक्षण

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक विश्व बैंक के प्रबंध निदेशक पास्कल डोनोहोई की अगुआई में पहुंची इस टीम ने राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण और स्थानीय पेयजल परियोजनाओं का निरीक्षण किया और सीधे ग्रामीणों से संवाद किया। इस मौके पर निरीक्षण के दौरान ग्रामीणों ने प्रबंध निदेशक को बताया कि विश्व बैंक से वित्त पोषित इस योजना के शुरू होने से अब उन्हें घर पर ही 24 घंटे निर्बाध और सुरक्षित पेयजल मिल रहा है, जिससे उनकी वर्षों पुरानी पेयजल किल्लत पूरी तरह खत्म हो गई है।

‘एक्स’ (X) पर साझा किया अनुभव

​क्षेत्र का दौरा करने के बाद पास्कल डोनोहोई ने अपने इंटरनेट मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर एक पोस्ट के जरिए अपनी खुशी व्यक्त की। जिस पर उन्होंने लिखा कि “जब परिवारों को हर दिन सुरक्षित पानी पर भरोसा होता है, तो उनकी पूरी जिंदगी बदल जाती है। खदरी खड़कमाफी में 24 घंटे जलापूर्ति से लोगों का काफी समय बच रहा है, जिसका उपयोग वे अब काम, परिवार और अपनी आय बढ़ाने में कर पा रहे हैं। समूचे उत्तराखंड में विश्व बैंक की साझेदारी ने 5 लाख से अधिक लोगों तक विश्वसनीय जल पहुंचाने में मदद की है।”