सोबन सिंह जीना राजकीय आयुर्विज्ञान एवं शोध संस्थान मेडिकल कॉलेज में डॉक्टरों की नियुक्ति की तैयारी तेज हो गई है। अब आगामी 14 सितंबर को कॉलेज में डॉक्टर के साक्षात्कार होंगे। कुछ नई फैकल्टी मिलने के बाद यहां स्वास्थ्य और शिक्षण व्यवस्था सुधर सकेंगी। वहीं प्रथम अनुमति पत्र के पहले नवीनीकरण में भी सहायता मिलेगी।
कॉलेज में फैकल्टी कम होने से शिक्षण और स्वास्थ्य व्यवस्था हो रही हैं प्रभावित
मेडिकल कॉलेज में फैकल्टी की समस्या शुरू से ही चलती आ रही है। कॉलेज में फैकल्टी कम होने से शिक्षण और स्वास्थ्य व्यवस्था प्रभावित होती है। इस वर्ष कॉलेज को प्रथम एलओपी के तहत 100 एमबीबीएस की सीटों को मान्यता मिली थी। लेकिन इस दौरान यहां फैकल्टी पूरी नहीं थी।
कॉलेज प्रशासन की ओर से फैकल्टी बढ़ाने के किए जा रहे हैं प्रयास
अब नए सत्र के लिए भी प्रथम एलओपी का प्रथम नवीनीकरण को आवेदन किया जा चुका है। इसके लिए भी फैकल्टी काफी कम है। अब कॉलेज प्रशासन की ओर से फैकल्टी बढ़ाने को प्रयास किए जा रहे हैं।