बागेश्वर से जुड़ी खबर सामने आई है। प्रभारी जिलाधिकारी ने कलक्ट्रेट में गुरुवार को आयोजित अंर्तविभागीय समन्वय की बैठक ली।
नालियों की सफाई के साथ दिए यह निर्देश-
जिसमें प्रभारी जिलाधिकारी ने नगर पालिका व नगर पंचायत को नालियों की सफाई करने के साथ फॉगिंग व दवा का छिड़काव करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि वैक्टीरिया जनित रोगों से निपटने के लिए अभी से कमर कस लें। जल संस्थान पेयजल टंकियों की सफाई करे और उनमें दवा आदि डाले। तांकि मानसूत्र में फैलने वाले रोगों से आसानी से लड़ा जा सके।
अपने आस-पास सभी को करें जागरूक-
उन्होंने कहा कि सभी को जागरूक करें कि वे अपने आस-पास गड्ढों में पानी इकट्ठा न होने दें तथा घरों में पानी की बाल्टियों, टैंकियों को ढक कर रखे। पंचायतराज, ग्राम विकास, नगर पंचायत ग्रामीण क्षेत्रों में वैक्टर जनित रोगो के नियंत्रण एवं बचाव हेतु प्रचार-प्रसार करें। उन्होंने मुख्य शिक्षा अधिकारी को बच्चों को मलेरिया, डेंगू से बचाव हेतु जागरूक करने के साथ ही विद्यालयों में पोस्टर, निबंध, वाद-विवाद के माध्यम से भी जागरूक करें। जल संस्थान को पेयजल टैंकियों की सफाई कराने तथा पानी रिसाव को रोकने के निर्देश दिए।
अनावश्यक जल भंडारण न करें-
मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. सुनीता टम्टा ने बताया कि डेंगू मच्छर साफ पानी में पनपता है तथा सुबह व दिन के समय काटता है। उन्होंने बताया मच्छर का लारवा पर नियंत्रण ही कारगर उपाय है, इसके लिए जलभराव क्षेत्रों, कूलर, पानी की टैंकी, बाल्टी में भरे पानी को नियमित बदले, साथ ही घरों की साफ-सफाई रखें व बाल्टियों, टैंकियों में अनावश्यक जल भंडाराण न करें। उन्होंने लोगों से हल्का बुखार, सर दर्द व बदन दर्द इत्यादि होने पर डॉक्टर से परामर्श देने को कहा।
यह लोग रहें मौजूद-
इस बैठक में जिला विकास अधिकारी संगीता आर्य, मुख्य शिक्षा अधिकारी जीएस सौन, जिला कार्यक्रम अधिकारी अनुलेखा बिष्ट, भूमि संरक्षण अधिकारी गीतांजलि बंगारी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. प्रमोद जंगपांगी, सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी केसी पलड़िया आदि मौजूद रहे।