यहां बुराड़ी जैसा कांड: उत्तराखंड के एक परिवार के सात लोगों ने कार में की खुदकुशी, बागेश्वर धाम की हनुमंत कथा से लौट रहा था परिवार, सामने आई वजह

हरियाणा के पंचकूला में उत्तराखंड के देहरादून के एक परिवार के सात लोगों ने अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। यह परिवार सोमवार रात बागेश्वर धाम के धीरेंद्र शास्त्री की कथा सुनकर लौट रहा था।

परिवार ने की आत्महत्या

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक प्रवीण मित्तल देहरादून में टूर एंड ट्रेवल का काम करते थे। इस कारोबार में उन्हें लगातार घाटा हो रहा था। जिससे वह परेशान थे। जो पंचकूला में आयोजित बागेश्वर धाम की हनुमंत कथा कार्यक्रम में शामिल होने आए थे। सोमवार को कार्यक्रम खत्म होने के बाद देहरादून वापस जाते हुए उन्होंने सामूहिक आत्महत्या का यह कदम उठाया। मृतकों में प्रवीण मित्तल उम्र 42 वर्ष निवासी देहरादून, प्रवीण के माता-पिता, प्रवीण की पत्नी और 2 बेटी और एक बेटे सहित तीन बच्चे शामिल हैं।

सभी लोगों की मौत

रिपोर्ट्स के मुताबिक सोमवार रात करीब 11 बजे डायल 112 पर सूचना मिली कि मकान नंबर 1204 के बाहर खड़ी एक कार में कुछ लोग आत्महत्या कर रहे हैं। मौके पर पहुंची पुलिस ने एंबुलेंस बुलवाकर सातों को सेक्टर 26 के एक प्राइवेट अस्पताल पहुंचवाया। वहां पर प्रवीण को छोड़कर परिवार के बाकी सभी सदस्यों को मृत घोषित कर दिया गया। प्रवीण की गंभीर हालत को देखते हुए उसे सेक्टर 6 के सरकारी अस्पताल रेफर कर दिया गया लेकिन इलाज के दौरान उसने भी दम तोड़ दिया।

जांच कर रही पुलिस

पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। जांच में पुलिस को कार से बच्चों के स्कूल बैग, खाने पीने का सामान, कपड़े व अन्य चीजें मिली हैं। रिपोर्ट्स के मुताबिक पुलिस के अनुसार परिवार के करीबी लोगों का कहना है कि प्रवीन मित्तल के परिवार पर भारी कर्ज था। कुछ समय पहले उन्होंने देहरादून में टूर एंड ट्रैवल्स का बिजनेस शुरू किया था। उसमें भी उनको घाटा हुआ। कर्ज से परेशान होकर परिवार ने इतना बड़ा कदम उठाया।