16 मार्च: देश के पहले सीडीएस जनरल स्‍व. बिपिन रावत की आज है जयंती, पूरे देश ने किया याद

आज 16 मार्च 2026 है। आज देश के पहले सीडीएस जनरल स्‍व. बिपिन रावत की जयंती है। सोशल मीडिया पर जनप्रतिन‍िधियों व लोगों ने पोस्‍ट कर उन्‍हें याद किया। मरणोपरांत पद्म विभूषण से सम्मानित बिपिन रावत की 8 दिसंबर 2021 (कुन्नूर, तमिलनाडु में हेलीकॉप्टर दुर्घटना) में निधन हो गया था। उनका जन्म 16 मार्च 1958 को उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल में एक सैन्य परिवार में हुआ था। वे अपने साहसी निर्णयों और भारतीय सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण (जैसे अग्निपथ योजना) के लिए याद किए जाते हैं।

पीढ़ियों ने भारतीय सेना में दी सेवाएं-

बिपिन रावत उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल में जन्मे थे। 1978 से भारतीय सेना में थे। बिपिन रावत का परिवार कई पीढ़ियों से भारतीय सेना में सेवा दे रहा था। उनके पिता लक्ष्मण सिंह राजपूत पौड़ी गढ़वाल जिले के सैंजी गांव से थे और लेफ्टिनेंट जनरल के पद से रिटायर हुए थे। उनकी मां उत्तरकाशी जिले से थीं और उत्तरकाशी विधानसभा से विधायक रह चुके किशन सिंह परमार की पुत्री थीं। बिपिन रावत की पत्नी मधुलिका रावत थीं। उनकी दो बेटियां हैं।

स्वार्ड आफ ऑनर से सम्मानित-

उन्हें 1978 में भारतीय सैन्य अकादमी, देहरादून से ग्यारह गोरखा राइफल्स की पांचवी बटालियान में नियुक्त किया गया था। उन्हें स्वार्ड आफ ऑनर भी मिल चुका है। जनरल बिपिन रावत देश के पहले रक्षा प्रमुख या चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ थे। उन्होंने 1 जनवरी 2020 को रक्षा प्रमुख का पद संभाला था। इससे पहले वह भारतीय थल सेनाध्यक्ष के पद पर 31 दिसंबर 2016 से 31 दिसंबर 2019 तक रहे थे।