अयोध्या के राम मन्दिर में हुई राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा, मां सीता संग विराजे राजा राम, एतिहासिक क्षण की साक्षी बनी अयोध्या नगरी, वैदिक ऊर्जा से गुंजायमान हुआ वातावरण

देश दुनिया की खबरों से हम आपको रूबरू कराते रहते हैं। एक ऐसी खबर हम आपके सामने लाए हैं। आज अयोध्या नगरी एक बार फिर एतिहासिक क्षण की साक्षी बनी है। जब आज गुरूवार को गंगा दशहरा के पावन पर्व पर राम मंदिर परिसर में राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा हुई।

आज अयोध्या मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक राम जन्मभूमि में तीन जून से तीन दिवसीय महाआयोजन की शुरुआत हुई। आज 5 जून को श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण और हनुमान जी की प्रतिष्ठा हुई। राम दरबार समेत आठ देव विग्रहों की प्राण प्रतिष्ठा गंगा दशहरा के शुभ अवसर पर सुबह 11:25 से 11:40 बजे तक अभिजीत मुहूर्त में हुई। पूरा अनुष्ठान सुबह 11 बजे से लेकर 11 बजकर 40 मिनट के बीच सम्पन्न किया गया। इस मौके पर भगवान श्रीराम, माता सीता और अन्य देवताओं की मूर्तियों की प्रतिष्ठा का महाअनुष्ठान पूरे वैदिक विधि-विधान के साथ संपन्न हुआ। भगवान राम के दरबार में भगवान राम, मां सीता, परम भक्त हनुमान के साथ ही भगवान राम के तीनों भाई लक्ष्मण, भरत, शत्रुघ्न की भी प्रतिमाएं विराजमान हैं। रामलला के गर्भगृह के ऊपर यानी पहली मंजिल पर राम दरबार बनाया गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक इसके लिए करीब 15 मिनट का शुभ मुहूर्त तय किया गया। काशी के पुरोहित जय प्रकाश त्रिपाठी ने 101 पंडितों ने प्राण प्रतिष्ठा कराई। मंत्रोच्चारण के बाद मूर्तियों की आंखों पर बंधी पटि्टयां खोली गईं और उन्हें आईना दिखाया गया। रामदरबार के लिए सूरत के कारोबारी मुकेश पटेल ने हीरे, सोने-चांदी के आभूषण दान दिए हैं। इससे पहले सुबह छह बजे से प्राण प्रतिष्ठा का अनुष्ठान शुरू हुआ। 

यह मूर्तियां  विराजमान

रिपोर्ट्स के मुताबिक मंदिर के प्रथम तल पर प्रभु श्री राम के साथ,माता सीता,भरत, शत्रुघ्न और हनुमान जी की मूर्तियां गर्भ गृह में विराजमान हुई। भगवान राम, सीता, लक्ष्मण और भगवान हनुमान की मूर्तियों के साथ-साथ छह अन्य मंदिरों की मुख्य प्राण-प्रतिष्ठा आज हुई। मंदिर के ग्राउंड फ्लोर पर बने परकोटे के 6 मंदिरों में भी प्राण प्रतिष्ठा हुई। इनमें भगवान शिव, श्रीगणेश, हनुमान, सूर्य भगवान, मां भगवती, मां अन्नपूर्णा के विग्रह की प्राण प्रतिष्ठा भी हुई।

सीएम योगी आदित्यनाथ हुए शामिल

सीएम योगी आदित्यनाथ इस भव्य कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रुप में शामिल हुए। रिपोर्ट्स के मुताबिक मुख्यमंत्री ने सभी देव विग्रहों का अभिषेक किया। इसके बाद राम दरबार की मूर्ति से आवरण हटाया गया। राजा राम का आभूषणों से भव्य श्रृंगार किया गया। इस दौरान अयोध्या के 19 संत धर्माचार्य भी इस अवसर पर मौजूद रहे। आज राम दरबार की प्राण प्रतिष्ठा में 350 लोगों को आमंत्रित किया है। इसमें ज्यादातर ट्रस्ट के पदाधिकारी, साधु संत हैं। इसके अलावा ट्रस्ट, संघ व विहिप के पदाधिकारी भी मौजूद रहे। इससे पहले सीएम ने हनुमानगढ़ी में भी दर्शन पूजन किया।