उत्तराखंड की नई खेल नीति: ‘स्पेशल’ खिलाड़ियों के लिए खुलेंगे विकास के नए द्वार, नई नीति में होगा ऐतिहासिक प्रावधान- रेखा आर्या

उत्तराखंड: उत्तराखंड सरकार विशेष श्रेणी (स्पेशल कैटेगरी) के प्रतिभावान खिलाड़ियों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की तैयारी में है। राज्य की आगामी खेल नीति में इन खिलाड़ियों के सर्वांगीण विकास के लिए ऐतिहासिक और विशेष प्रावधान किए जाएंगे।

की यह घोषणा

यह घोषणा प्रदेश की खेल मंत्री रेखा आर्या ने शनिवार को देहरादून के हिमाद्री आइस रिंक में की। जिस पर मंत्री रेखा आर्या वहां ‘स्पेशल ओलंपिक भारत नेशनल चैंपियनशिप फिगर एंड स्पीड स्केटिंग’ के उद्घाटन समारोह को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रही थीं। उन्होंने कहा कि विशेष श्रेणी के बच्चों का हौसला और जज्बा प्रेरणादायक है, जो तमाम चुनौतियों के बावजूद पूरी ऊर्जा के साथ खेल के मैदान में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन कर रहे हैं।‌ खेल मंत्री ने जोर देकर कहा कि शारीरिक और मानसिक बाधाओं को पार कर खेल के क्षेत्र में मुकाम हासिल करना अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि है। उन्होंने अफसोस जताते हुए कहा कि अक्सर खेल नीतियों में इस वर्ग के लिए पर्याप्त प्रावधान नहीं होते, लेकिन उत्तराखंड इस परंपरा को बदलकर एक नई मिसाल पेश करेगा। नई नीति में इन खिलाड़ियों के लिए विशेष ट्रेनिंग, अत्याधुनिक सुविधाएं और आर्थिक सहायता का एक मजबूत खाका तैयार किया जा रहा है।

2029 वर्ल्ड गेम्स पर सरकार की नजर

खेल मंत्री ने विश्वास जताया कि हिमाद्री आइस रिंक में अपनी प्रतिभा दिखा रहे खिलाड़ी न केवल राष्ट्रीय स्तर पर, बल्कि वर्ष 2029 में होने वाले ‘स्पेशल ओलंपिक वर्ल्ड गेम्स’ में भी देश का मान बढ़ाएंगे। उन्होंने आश्वासन दिया कि सरकार इन खिलाड़ियों की तैयारियों में किसी प्रकार की कमी नहीं आने देगी। आयोजन के बारे में जानकारी देते हुए बताया गया कि इस राष्ट्रीय चैंपियनशिप में 11 राज्यों के 100 से अधिक खिलाड़ी हिस्सा ले रहे हैं।

रहें उपस्थित

इस अवसर पर भाजपा प्रदेश मंत्री दीप्ति रावत, इंडियन आइस स्केटिंग फेडरेशन के अध्यक्ष अमिताभ शर्मा, स्पेशल ओलंपिक भारत के क्षेत्रीय निदेशक डीबीएस रावत, बोर्ड मेंबर राजेश्वर सहित खेल विभाग के अधिकारी, कोच और अभिभावक उपस्थित रहे।