उत्तराखंड से जुड़ी खबर सामने आई है। उत्तराखंड में स्थित विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा शुरू हो गई है। जिसमें चारधाम यात्रा में रील बनाने पर भी रोक लगी है।
रील बनाने पर रोक
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अब चारों धाम में मंदिर परिसर के 50 मीटर के दायरे में कोई भी श्रद्धालु वीडियोग्राफी नहीं कर सकेगा और न ही सोशल मीडिया के लिए रील बना सकेगा। इस संबंध में साथ ही यह भी कहा गया है कि परिसर में मोबाइल फोन का प्रयोग प्रतिबंधित नहीं होगा, यद्यपि इससे मंदिर परिसर के 50 मीटर के दायरे में वीडियोग्राफी व रील नहीं बनाई जाएगी। जो चार धाम यात्रा के बारे में रील बनाते गलत सूचना फैलाते हुए पकड़े गए, उनके खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।
पत्र में दी यह जानकारी
रिपोर्ट्स के मुताबिक इस संबंध में मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने सभी राज्यों केंद्र शासित प्रदेशों में अपने समकक्षों को पत्र लिखकर मामले से अवगत कराया है। पत्र में बताया है कि “मैं सूचित करना चाहूंगी कि इस वर्ष, उत्तराखंड में पवित्र चार धाम की यात्रा करने वाले तीर्थयात्रियों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। बेहतर प्रबंधन के लिए, हमने 31 मई, 2024 तक कोई भी ‘वीआईपी दर्शन’ नहीं करने का फैसला किया है।” आगे पत्र में बताया कि “चार धाम यात्रा सुचारू रूप से संचालित हो रही है। तीर्थयात्रियों को व्यवस्थित दर्शन सुनिश्चित कराने के लिए व्यवस्था की गई है, लेकिन वर्तमान में यह देखा गया है कि मंदिर परिसर में सोशल मीडिया के लिए वीडियोग्राफी/रील की व्यवस्था की जा रही है, जिसके कारण भीड़ एक स्थान पर इकट्ठा हो जाती है भक्तों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। अतः श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए चार धाम में मंदिर परिसर के 50 मीटर के दायरे में सोशल मीडिया के लिए वीडियोग्राफी/रील बनाना पूर्णतः प्रतिबंधित है।”