आज 08 अगस्त 2026 है। आज आठ अगस्त को वीरांगना तीलू रौतेली की जयंती है। इस अवसर पर कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। तीलू रौतेली की जयंती हर साल 8 अगस्त को मनाई जाती है। यह दिन उत्तराखंड की महान वीरांगना और ‘गढ़वाल की लक्ष्मीबाई’ के नाम से प्रसिद्ध वीर बाला तीलू रौतेली के जन्मदिवस के रूप में मनाया जाता है।
पौड़ी गढ़वाल में जन्म
इस अवसर पर राज्य में विभिन्न सांस्कृतिक और सामाजिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। तीलू रौतेली का जन्म 8 अगस्त 1661 को उत्तराखंड के पौड़ी गढ़वाल जिले के चौंदकोट परगने के गुराड़ गांव में हुआ था। मात्र 15 वर्ष की आयु में उन्होंने तलवारबाजी और घुड़सवारी सीख ली थी तथा सात वर्षों तक भीषण युद्ध लड़कर कई गढ़ (किले) जीते। उन्हें “गढ़वाल की झांसी की रानी” या “गढ़वाल की रानी लक्ष्मीबाई” कहा जाता है। उत्तराखंड सरकार हर साल 8 अगस्त को उनकी जयंती पर महिला सशक्तिकरण और विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिलाओं और किशोरियों को तीलू रौतेली पुरस्कार से सम्मानित करती है। तीलू रौतेली की जयंती पर महिला सशक्तीकरण के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य पर महिलाओं एवं किशोरियों के लिए वर्ष 2006 से इस पुरस्कार की शुरुआत की गई थी।
सीएम करेंगे सम्मानित
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक विभाग के अधिकारियों के मुताबिक तीलू रौतेली पुरस्कार के लिए विभाग को विभिन्न जिलों से इस बार 217 आवेदन मिले थे। इसमें अल्मोड़ा से 21, बागेश्वर से आठ, चमोली और चंपावत से 12-12, देहरादून से 23, हरिद्वार से 22, नैनीताल से 29, पौड़ी से आठ, पिथौरागढ़ से 13, रुद्रप्रयाग से 11, टिहरी से 13, ऊधमसिंह नगर से 11 और उत्तरकाशी जिले से विभाग को 24 आवेदन थे। जिसमें 13 महिलाओं का चयन किया गया है। वहीं राज्यस्तरीय आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पुरस्कार के लिए विभाग को प्रदेश भर से 220 आवेदन मिले। पुरस्कार के लिए 35 महिलाओं का चयन किया गया है।