अल्मोड़ा: महंगाई आसमान चीरने को तैयार, समस्त व्यापार मंडल ने नए टैक्स का किया विरोध

चौतरफा महंगाई आम आदमी को झटके पर झटके देते जा रही है । ऐसा लग रहा है कि मानो महंगाई की महामारी आ गई हो । आम नागरिकों की जिंदगी आमदनी अट्ठनी खर्चा रुपइया जैसी हो गई है । यहां आमदनी तो ज्यों की त्यों है, और महंगाई आसमान चीरने को तैयार है। बता दें कि जीएसटी परिषद ने 18 जुलाई से खाद्य  वस्तुओं समेत कई वस्तुओं के दामों में बदलाव कर दिया है । अब आपको इन वस्तुओं को खरीदने के लिए ज्यादा पैसे चुकाने होंगे ।

व्यापारिक संगठनों ने जताई नाराजगी

पहले खाद्य तेलों के दाम में बढ़ोतरी, फिर घरेलू गैस सिलिंडर, अब पैकेट बंद अनाजों  को जीएसटी के दायरे में लाने पर व्यापारिक संगठनों ने नाराजगी जताई है । व्यापारियों ने नए टैक्स का विरोध करते हुए कहा कि सरकार द्वारा लगाए गए नए टैक्स जो की पैक्ड दही ,लस्सी , छांछ समेत खान पान की चीजों पर लगा दिया है, इसमें सभी जरूरी वस्तुओं को लिया गया है। उनका कहना है कि जरूरी वस्तुओं पर  टैक्स लगाना सरकार  की गरीब विरोधी मंशा को दर्शाती है ।

महंगाई आसमान चीरने को तैयार है

समस्त व्यापार मंडल ने सरकार द्वारा लगाए गए नए टैक्स की निंदा की है व्यापार मंडल अध्यक्ष  सुशील साह  ने कहा कि किसी भी व्यापारिक संगठनों को  बिना विश्वास मे लिए इस प्रकार के फरमान को लागू कर देना भी यही दिखाता है की सरकार केवल अपने कोष की चिंता कर रही है ,गरीब और निर्धन लोग सरकार के लिए मात्र एक जनसंख्या  है,उनके हितों की सरकार लागतार अनदेखी कर रही है। जहां एक ओर महंगाई आसमान चीरने को तैयार है , दूसरी ओर राहत देने के बजाय सरकार भी टैक्स को बड़ा रही है और उन सामानों पर भी टैक्स लगा रही है जो अति आवश्यक की श्रेणी में आते हैं।  जिसका सीधा असर गरीब तबके पर  पड़ रहा है।

भारत भी श्रीलंका बनने में समय नहीं लगाएगा

उन्होंने कहा कि आज जिस स्थिती में श्रीलंका पहुंचा है और पूरी अर्थव्यवस्था चरमरा गई है, अगर सरकार की यही व्यापार विरोधी और गरीब विरोधी नीति चलती रही तो जल्द ही भारत भी श्रीलंका बनने में समय नहीं लगाएगा।