भारतीय नौसेना में हुआ बड़ा बदलाव, कंधों में पहनने वाले पटके बदले, जानें नए पटकों की खासियत

देश दुनिया की खबरों से हम आपको रूबरू कराते रहते हैं। एक ऐसी खबर हम आपके सामने लाए हैं। भारतीय नौसेना के स्वरुप में कुछ दिनों पहले बड़ा बदलाव किया गया है।

शिवाजी महाराज की नौसेना से प्रेरित होकर बनाए गए एपोलेट्स को पहनेंगे अधिकारी

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक नौसेना के अधिकारियों के कंधों पर लगने वाले पटकों के स्वरुप में बदलाव किया गया है। इससे पहले नौसेना के ध्वज में बदलाव किया गया था। 29 दिसंबर को नौसेना ने इन नए पटकों की झलक दिखाई। इन्हें छत्रपति शिवाजी महाराज की नौसेना के एनसाइन और राजमुद्रा से प्रेरित होकर डिजाइन किया गया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक बताया कि अभी तक भारतीय नौसेना के अधिकारी अंग्रेजों के समय से चले आ रहे गुलामी के प्रतीकों को पहन रहे थे।लेकिन अब वह स्वराज का सपना देखने वाले शिवाजी महाराज की नौसेना से प्रेरित होकर बनाए गए एपोलेट्स को पहनेंगे।

नयें पटकों की खासियत है खास

भारतीय नौसेना के द्वारा एडमिरनल के कंधों के लिए डिजाइन किए गए नए पटके छत्रपति शिवाजी महाराज की नौसेना के निशान और उनकी मुद्रा से प्रेरित हैं। इसमें मुख्य रूप से पांच निशान हैं। पहला गोल्डन नेवी बटन, दूसरा अशोक मुद्रा के साथ औक्टागन, तीसरा तलवार, चौथा टेलिस्कोप और पांचवां अधिकारियों की रैंक के हिसाब से जल सितारे लगे हुए हैं। इसमें रियर एडमिरल के पटके में दो सितारे होंगे लेकिन पटके की आउटलाइन काले रंग की होगी। वहीं सर्ज रियर एडमिरल के पटके में भी दो सितारे होंगे, लेकिन इस पटके की आउटलाइन लाल रंग की है‌। बताया कि वहीं वाइस एडमिरल के पटके में तीन सितारे होंगे। इस पटके की भी आउटलाइन काले रंग की होगी। वहीं सर्ज वाइस एडमिरल के पटके में भी तीन सितारे होंगे, लेकिन इस पटके की आउटलाइन लाल रंग की होगी। इसके अलावा नौसेना प्रमुख अर्थात एडमिरल के कंधे पर लगने वाले पटके में चार सितारे होंगे और इस पटके की भी आउटलाइन काले ही रंग की होगी। सितारों और आउटलाइन के रंग के अलावा सभी एडमिरल के पटके एक ही तरह के होंगे।