आज हम स्वास्थ्य से संबंधित फायदों के बारे में आपको बताएंगे। कोलेस्ट्रॉल किसी के लिए भी समस्या बढ़ा सकता है। इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि आप युवा हैं या उम्र दराज। शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल का बढ़ता स्तर आपके हृदय स्वास्थ्य के लिए भी खतरनाक हो सकता है। इसलिए यह जरूरी है कि आप समय रहते अपने शरीर में कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने के लिए जरूरी कदम उठाएं। आपका आहार इसमें मददगार हो सकता है। यहां ये सुपरफूड्स जो शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम कर आपको हेल्दी रहने में मदद कर सकते हैं।
🍭आइए जानें-
🍒अखरोट-
अखरोट में ओमेगा 3 और मोनो सैचुरेटेड फैटी एसिड्स प्रचुर मात्रा में पाया जाता है। अखरोट खाने से 15 फीसदी तक कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल किया जा सकता है। यह भी माना जाता है कि अखरोट शरीर के सूजन को कम करने में मदद करते हैं जिससे शरीर में रक्त वाहिकाओं के कार्य में सुधार हो सके। अखरोट में ओमेगा 3 के अलावा विटामिन बी कॉम्प्लेक्स और विटामिन ई भी काफी मात्रा में होता है।
🍷रेड वाइन-
शराब पीना हानिकारक होता है ये बात हर कोई बताता है लेकिन एक वैज्ञानिक रिसर्च में यह दावा किया गया है कि रेड वाइन कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में काफी मदद करता है। दरअसल वाइन एक विशेष प्रकार के अंगूर से निर्मित होता है, जिसे टेम्प्रानीलो रेड ग्रैप के नाम से जाना जाता है। यह लो कोलेस्ट्रॉल में काफी प्रभावी होता है। रात को एक ग्लास वाइन आपके कोलेस्ट्रॉल के लिए काफी फायदेमंद हो सकता है।
🍹ऑरेंज जूस-
जैसा कि हम यहां पेय पदार्थों की बात कर रहे हैं तो ऑरेंज जूस एक विशेष प्रकार का सुपरफूड होता है जोकि कोलेस्ट्रॉल लेवल को नियंत्रित करता है। इसे आमतौर पर सुबह नाश्ते में पी सकते हैं। यह विटामिन सी का सबसे अच्छा स्त्रोत माना जाता है। इसके अलावा ऑरेंज जूस में मैग्नीशियम, विटामिन बी कॉम्प्लेक्स, विटामिन ए और पोटैशियम भरपूर मात्रा में होता है। एक रिसर्च के मुताबिक संतरे के जूस को नियमित रूप से पीने से कोलेस्ट्रॉल लेवल को नियंत्रित रखा जा सकता है।
🍥लहसुन-
लहसुन को कोलेस्ट्रॉल के लिए बहुत लाभदायक माना जाता है। लहसुन में एलीसिन नाम का तत्व पाया जाता है। जो हार्ट के आर्टिज्म को साफ करने के साथ साथ ब्लड प्रेशर को भी नॉर्मल करने में मदद कर सकते हैं।
🍫चॉकलेट-
चॉकलेट भी एक अलग तरह का सुपरफूड होता है। यह कोलेस्ट्रॉल लेवल को नियंत्रित करने में काफी मददगार होता है, क्योंकि इसमें विशेष प्रकार का एंटीऑक्सीडेंट भी होता है। हालांकि यह आप सुनिश्चित कर सकते हैं कि आपको कौन सा चॉकलेट पसंद है। डार्क, बिटर या मिल्क चॉकलेट।
🍵चाय-
ग्रीन टी के गुणों से हर कोई वाकिफ है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट तत्व कोलेस्ट्रोल के अवशोषण से बचाता है। अमेरिकन डाईटेटिक असोसिएशन के मुखपत्र में प्रकाशित शोध के मुताबिक जो लोग हर ग्रीन टी का सेवन करते हैं उनके शरीर में कोलेस्ट्रोल का स्तर काफी कम रहता है। ग्रीन टी पांच से छह अंक तक कोलेस्ट्रोल की कुल मात्र और एलडीएल स्तर को कम करने का काम करती है।
🍜ओट्स-
ओट्स को सेहत के लिए बहुत लाभकारी माना जाता है। ओट्स के सेवन से कोलेस्ट्रॉल के लेवल को नियंत्रित किया जा सकता है। इसमें ग्लूकॉन नामक तत्व पाया जाता है जो आंतों की सफाई करने और कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में मदद कर सकता है।
🌰प्याज-
प्याज को खाना पकाने में स्वाद को बढ़ाने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। लेकिन प्याज को सिर्फ स्वाद ही नहीं बल्कि सेहत के लिए भी फायदेमंद माना जाता है। लाल प्याज के सेवन से कोलेस्ट्रॉल के लेवल को नियंत्रित किया जा सकता है।
🍠पालक-
आयरन और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर यह हरी पत्तेदार सब्जी कोरोनरी हार्ट डिज़िज़ (risk of Coronary Heart Disease) का कम होता है और ब्लड प्रेशर (blood pressure) का स्तर नियंत्रित होता है। पालक विटामिन के (Vitamin K) का भी अच्छा स्रोत है और यह धमनियों के अंदर ‘प्लाक’ जमा नहीं होने देता था। इस स्थिति को एथेरोस्क्लेरोसिस ( Atherosclerosis) कहा जाता है जो धमनियों में रक्त के संचार को प्रभावित करता है और हृदय की तरफ रक्त का बहाव कम होने से ब्लॉकेज, स्ट्रोक और अन्य हार्ट संबंधी बीमारियों का रिस्क कम होता है। पालक में फोलेट (Folate) भी पाया जाता है जो हेल्दी सेल्स के निर्माण में मदद करता है।
🍞ऑलिव ऑयल-
एक और सुपरफूड के बारे में हम बात करने जा रहे हैं जो आमतौर पर आपके किचन में मौजूद होता है। ऑलिव ऑयल मोनोसैचुरेटेड फैट का सबसे अच्छा स्त्रोत होता है, यह शरीर के सूजन को कम करने की क्षमता रखते हैं साथ ही साथ कोलेस्ट्रॉल लेवल को भी कम करते हैं। यदि आप ऐसे आहार के बारे में सोच रहे हैं जो आपके ह्रदय के लिए बेहतर हो तो आप ऑलिव ऑयल का सेवन कर सकते हैं। इसे आप कुकिंग ऑयल के तौर पर ही नहीं बल्कि आप इसे सलाद में भी खा सकते हैं।
अस्वीकरण: अधिक जानकारी के लिए चिकित्सक की सलाह अवश्य लें। पहली प्राथमिकता डॉक्टर की सलाह है।