LPG डिलीवरी: ग्राहकों के लिए अलर्ट, असली और फेक DAC कोड की ऐसे करें पहचान, ठगों से ऐसे बचें






​देश दुनिया की खबरों से हम आपको रूबरू कराते रहते हैं। एक ऐसी खबर हम आपके सामने लाए हैं। एलपीजी सिलेंडर की सुरक्षित डिलीवरी सुनिश्चित करने के लिए अब 100% DAC अनिवार्य कर दिया गया है।


नई गाइडलाइंस जारी


मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक एलपीजी गैस वितरण को पारदर्शी बनाने के लिए अब Delivery Authentication Code (DAC) अनिवार्य है। जहाँ इससे कालाबाजारी पर लगाम लगी है, वहीं साइबर ठग भी सक्रिय हो गए हैं। तेल कंपनियों ने ग्राहकों को सुरक्षित रहने के लिए नई गाइडलाइंस जारी की हैं।

कंपनियों के अनुसार, असली और सुरक्षित मैसेज की पहचान इन बिंदुओं से की जा सकती है।

• ​आधिकारिक सेंडर ID: मैसेज हमेशा आधिकारिक आईडी जैसे VM-HPGAS, VK-INDANE, या VM-INDANE से ही आएगा।

• ​DAC कोड की लंबाई: HP Gas में यह 4 अंकों का और Indane/Bharat Gas में 6 अंकों का होता है।

• ​शेयर करने का सही समय: कोड केवल तभी शेयर करें जब डिलीवरी बॉय सिलेंडर लेकर आपके दरवाजे पर खड़ा हो।

• ​लिंक से बचें: किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें। कर्मचारी कभी भी फोन या व्हाट्सएप पर पहले से ओटीपी नहीं मांगते।

• बिना बुकिंग के मैसेज: यदि आपने सिलेंडर बुक नहीं किया है और फिर भी DAC कोड आया है, तो वह ठगी की कोशिश हो सकती है।