13वीं बार लाल किले से पीएम मोदी का संबोधन: ‘2047 तक विकसित भारत’ का संकल्प, 140 करोड़ देशवासी बनाएंगे इतिहास

आज 15अगस्त है। आज देश 80वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है। इस मौके पर स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने ऐतिहासिक लाल किले की प्राचीर से लगातार 13वीं बार राष्ट्रीय ध्वज फहराया और राष्ट्र को संबोधित किया।

फहराया ध्वज तिरंगा

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अपने संबोधन में प्रधानमंत्री ने 2047 तक भारत को पूर्ण रूप से ‘विकसित राष्ट्र’ बनाने के दृढ़ संकल्प को दोहराया। उन्होंने स्पष्ट किया कि 140 करोड़ देशवासियों के पुरुषार्थ, समर्पण और कठिन परिश्रम के बल पर ही इस ऐतिहासिक लक्ष्य को हासिल किया जाएगा। प्रधानमंत्री ने संबोधन में ऊर्जा सुरक्षा की बढ़ती आवश्यकता और सेमीकंडक्टर क्षेत्र में भारत की ऐतिहासिक छलांग पर विशेष जोर दिया।
•  ​ऊर्जा सुरक्षा: पीएम ने कहा कि ऊर्जा के बिना दुनिया नहीं चल सकती। देश में बड़ी मात्रा में बिजली की जरूरत को देखते हुए संसद में ‘शांति एक्ट’ पास किया गया है। भारत ने वर्ष 2047 तक 100 गीगावॉट (GW) का लक्ष्य तय किया है।
•  ​सेमीकंडक्टर क्रांति: पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा, “आज चिप के बिना दुनिया थम जाएगी।” आजादी के लंबे समय बाद तक देश में सेमीकंडक्टर पर सिर्फ बातें होती थीं, लेकिन आज भारत में 3 सेमीकंडक्टर प्लांट शुरू हो चुके हैं और वहां से एक्सपोर्ट (निर्यात) भी प्रारंभ हो गया है।


​ ‘मेक इन इंडिया’ और पिछले 12 वर्षों की उपब्धियां

​’मेक इन इंडिया’, ‘स्वदेशी’ और ‘वोकल्स फॉर लोकल’ के प्रति देशवासियों के जुड़ाव की सराहना करते हुए प्रधानमंत्री ने बीते 12 वर्षों में देश में हुए ढांचागत और औद्योगिक बदलावों के आंकड़े सामने रखे।

क्षेत्र / सेवावृद्धि / विकास की रफ्तार
मोबाइल फोन उत्पादन33 गुना वृद्धि
डिजिटल ट्रांजेक्शन100 गुना वृद्धि
रेलवे कोच निर्माण21 गुना वृद्धि
इलेक्ट्रिक मैन्यूफैक्चरिंग7 गुना वृद्धि
खादी व ग्रामोद्योग5 गुना वृद्धि
डिफेंस प्रोडक्शन (रक्षा उत्पादन)4 गुना वृद्धि
इंटरनेट यूज़र्स4 गुना वृद्धि

कहीं यह बात

पीएम नरेंद्र मोदी ने बताया कि औसतन हर साल 15 गुना ज्यादा तेजी से ‘नल से जल’ कनेक्शन दिए गए, 6 गुना तेजी से गैस कनेक्शन बांटे गए और गरीबों के लिए 3 गुना ज्यादा रफ्तार से घर बनाए गए हैं।‌ प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि देश के हर वर्ग—दलित, पीड़ित, वंचित, आदिवासी, गांव व शहर में रहने वाले गरीब और मध्यम वर्ग के साझी भागीदारी का ही परिणाम है कि कभी सबसे कमजोर अर्थव्यवस्थाओं में गिना जाने वाला भारत आज दुनिया की सबसे तेज गति से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था बन चुका है। पिछले 12 वर्षों के प्रयासों से 25 करोड़ नागरिक गरीबी रेखा से बाहर निकले हैं। पीएम ने कहा कि जब 140 करोड़ की आबादी वाला देश विकसित होने का संकल्प लेता है, तो दुनिया का भारत को देखने का नजरिया बदलने को मजबूर हो जाता है।


​’बड़े सपनों से आगे बढ़ेगा भारत’

अपने भाषण के दौरान देशवासियों को प्रेरित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत अब छोटे सपनों से चलने वाला देश नहीं है। कोई भी देश तब महान बनता है जब वह अपने सपनों को प्राप्त करता है और अपने संकल्पों व सामर्थ्य के दम पर आगे बढ़ता है। बड़े सपने हमारी सोच को विस्तार देते हैं। वर्ष 2047 में जब देश आजादी के 100 साल पूरे करेगा, तब भारत एक विकसित राष्ट्र बनकर रहेगा।