गैरसैंण में उत्तराखंड सरकार ने पेश किया ₹7,844 करोड़ का अनुपूरक बजट, कुल बजट इतने लाख करोड़ पार

​गैरसैंण (भराड़ीसैंण): उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज मंगलवार को गैरसैंण के भराड़ीसैंण स्थित विधानसभा में जारी सत्र के दौरान वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 7,844.18 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट पेश किया है।

अनुपूरक बजट

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इस नए प्रावधान के साथ ही राज्य के कुल बजट का आकार बढ़कर अब 1,19,547.39 करोड़ रुपये हो गया है।‌ जिसमें आज अपराह्न 3 बजे पेश किए गए इस बजट में राजस्व मद के लिए 3,679.86 करोड़ रुपये और पूंजीगत मद  के लिए 4,164.32 करोड़ रुपये निर्धारित किए गए हैं। सरकार ने इस बजट के ज़रिए स्थानीय निकायों, किसानों, स्वास्थ्य, शिक्षा, इंफ्रास्ट्रक्चर और युवाओं पर विशेष ध्यान केंद्रित किया है।
​
किसानों को बड़ी राहत

ग्रामीण एवं शहरी स्थानीय निकायों के लिए 721 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। छठे राज्य वित्त आयोग की सिफारिशों के तहत स्थानीय निकायों की कर राजस्व में हिस्सेदारी को 10.5% से बढ़ाकर 12.5% करने का प्रस्ताव रखा गया है। अन्नपूर्ति योजना के तहत किसानों से धान और गेहूं खरीद के लिए 1,100 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त जलवायु अनुकूल बारानी कृषि के लिए 70 करोड़ रुपये, पीएम सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण के लिए 35 करोड़ रुपये, और सहकारिता किसान कल्याण योजना के लिए 20 करोड़ रुपये प्रस्तावित हैं।

​कुंभ मेला व स्वास्थ्य पर फोकस

आगामी कुंभ मेले की तैयारियों हेतु विभिन्न मदों में करीब 290 करोड़ रुपये रखे गए हैं। वहीं हरिद्वार-गंगा कॉरिडोर के लिए 30 करोड़ और गैरसैंण जलापूर्ति बांध परियोजना के लिए 122 करोड़ रुपये का प्रस्ताव है। ठेकेदारों के बकाया भुगतान के समाधान के लिए 300 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। अटल आयुष्मान योजना के तहत 100 करोड़ रुपये और कर्मचारियों के लिए ‘गोल्डन कार्ड योजना’ में 125 करोड़ रुपये रखे गए हैं। पिथौरागढ़ व रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज तथा नर्सिंग कॉलेजों के विकास के लिए 160 करोड़ रुपये की व्यवस्था की गई है।


​शिक्षा, ऊर्जा और बुनियादी ढांचा

विद्यालयी और उच्च शिक्षा में डिजिटल लर्निंग के लिए 200 करोड़ रुपये तथा नए राज्य डेटा सेंटर के निर्माण के लिए 40 करोड़ रुपये का प्रावधान है। पारेषण एवं वितरण कार्यों के लिए 270 करोड़ रुपये और SASCI के तहत बुनियादी ढांचे के विकास हेतु 500 करोड़ रुपये रखे गए हैं।


​युवाओं और महिलाओं के लिए घोषणाएं

प्रतियोगी परीक्षाओं की कोचिंग के लिए 5 करोड़, राष्ट्रीय खेलों से पूर्व खिलाड़ियों के प्रशिक्षण शिविरों के लिए 8 करोड़ और खेल विश्वविद्यालय के निर्माण के लिए 35 करोड़ रुपये की धनराशि तय की गई है। भोजन माताओं के मानदेय हेतु 20 करोड़ रुपये, सक्षम आंगनबाड़ी व पोषण अभियान के लिए 60 करोड़ रुपये, और निराश्रित विधवा पेंशन के लिए 27 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा वात्सल्य और बाल सानिध्य योजनाओं के लिए भी विशेष फंड आवंटित किया गया है।