उत्तराखंड टॉप टेन न्यूज़ (8 मार्च, मंगलवार फाल्गुन शुक्ल, पक्ष षष्ठी , वि. सं. 2078)

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◆ राज्यपाल गुरमीत सिंह ने राजभवन में आयोजित दो दिनी वसंतोत्सव 2022 का शुभारंभ किया। राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखंड में फूलों की खेती की अपार संभावनाएं हैं। इस क्षेत्र में उद्यान विभाग काम कर रहा है। साथ ही भविष्य में भी इस दिशा में लगातार प्रयास किया जाएगा।

◆ रुद्रप्रयाग: अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तत्वावधान में 4 महाविद्यालयों में गिरते लिंगानुपात विषय पर टाॅक शो का किया गया। वहीं महिला स्वास्थ्य के दृष्टिगत दूरस्थ गांव पाबौ में 200 ग्रामीणों के स्वास्थ्य की जांच की गई।

◆ राज्यपाल गुरमीत सिंह ने राजभवन में अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर राजभवन की त्रैमासिक पत्रिका नन्दा के प्रथम अंक का विमोचन किया। यह पत्रिका उत्तराखण्ड की महिलाओं को समर्पित की गई है।

◆ अंतराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर चम्पावत जिले की 50 महिलाओं को उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित किया गया। विभिन्न सरकारी, गैरसरकारी, स्वयंसेवी संस्थाओं और निजी क्षेत्र में कार्य कर रही महिलाओं को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया गया।

◆ अल्मोड़ा एसएसपी डॉ मंजूनाथ टी सी ने कहा है कि मतगणना के लिए पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया है। उन्होंने जानकारी दी की 525 से अधिक पुलिस बल, पैरामिलिट्री और दो प्लाटून पीएसी को मतगणना के लिए ड्यूटी पर तैनात किया गया है। एस एस पी ने मतगणना के लिए ट्रैफिक प्लान भी जारी किया।

◆ UPWWA अल्मोड़ा ने पुलिस परिवार की महिलाओं/ महिला कार्मिकों हेतु स्वास्थ्य शिविर का किया आयोजन ।

◆ पूर्व मुख्यमंत्री डॉ रमेश पोखरियाल निशंक की बेटी श्रेयसी सेना में बनी मेजर।

◆ हाईकोर्ट ने हरिद्वार में धर्म संसद में भड़काऊ भाषण देने के मामले में दायर जितेंद्र नारायण त्यागी उर्फ वसीम रिजवी के जमानत प्रार्थनापत्र पर सुनवाई के बाद सरकार को 24 घंटे के भीतर जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।

◆ प्रदेश के सरकारी एवं अशासकीय स्कूलों के एक से आठवीं तक के छह लाख से अधिक छात्र-छात्राओं को अब पका-पकाया भोजना मिलेगा।

◆ मंगलवार को प्रदेश में कोरोना के 33 नए मरीज मिले और 42 मरीज ठीक हुए।

◆ पहली भारतीय महिला पर्वतारोही एवं पद्मभूषण, पद्मश्री और अर्जुन अवार्ड से सम्मानित बछेंद्री पाल 50 साल से ऊपर की 12 महिलाओं के साथ ट्रांस हिमालय की करीब पांच हजार किमी यात्रा का महाअभियान शुरू कर रही हैं। इस ऐतिहासिक सफर को वह म्यांमार बोर्डर पर स्थित पंगासु दर्रा से शुरू करेंगी।