उत्तराखंड: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ईंधन बचत और ऊर्जा संरक्षण के आह्वान के बाद उत्तराखंड की पुष्कर सिंह धामी सरकार ने प्रदेश में एक व्यापक कार्ययोजना तैयार कर ली है।
चल रहा मंथन
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इसके तहत अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पेट्रोलियम पदार्थों की अनिश्चितता को देखते हुए राज्य सरकार अब ‘देवभूमि’ में इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) को बड़े पैमाने पर बढ़ावा देने और सरकारी कामकाज में ईंधन की खपत कम करने के लिए नये बदलाव करने जा रही है। सूत्रों के अनुसार, सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों की भारी कीमतों को देखते हुए ग्राहकों को कर में छूट और भारी सब्सिडी देने की तैयारी में है। इसके अलावा सार्वजनिक स्थानों के साथ-साथ घर और कार्यालयों में चार्जिंग की सुविधा विकसित की जाएगी। स्थानीय स्तर पर ईवी उत्पादन इकाइयों को विशेष प्रोत्साहन दिया जाएगा।
‘वर्क फ्रॉम होम’ और ऑनलाइन कक्षाएं
इसके अलावा कोरोनाकाल की तर्ज पर सरकारी विद्यालयों में फिर से ऑनलाइन कक्षाओं के विकल्प को आजमाया जा सकता है। सचिवालय और अन्य सरकारी विभागों में ‘वर्क फ्रॉम होम’ की व्यवस्था लागू करने पर मंथन चल रहा है, ताकि कर्मचारियों की आवाजाही कम हो और ईंधन की बचत हो सके। अधिकारियों और कार्मिकों के लिए सरकारी वाहनों की पूलिंग अनिवार्य की जा सकती है, जिससे एक ही वाहन का उपयोग एक से अधिक अधिकारी कर सकें।