उत्तराखंड: मानव-वन्यजीव संघर्ष पर उत्तराखंड वन विभाग का बड़ा कदम, इंसानों के लिए खतरा बने 13 गुलदारों और 3 भालुओं को मारने के आदेश जारी

उत्तराखंड: उत्तराखंड में लगातार बढ़ रहे मानव-वन्यजीव संघर्ष पर लगाम लगाने के लिए वन विभाग ने बड़ा कदम उठाया है। इसके तहत विभाग ने जनसुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 13 गुलदारों (लेपर्ड) और 3 भालुओं को मारने (शूट करने) के आदेश जारी किए हैं। अब तक पौड़ी गढ़वाल क्षेत्र में केवल एक गुलदार को ही ढेर किया जा सका है।

आदेश जारी

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक वन अधिकारियों के अनुसार, राज्य में पिछले सात महीनों के भीतर 118 खतरनाक वन्यजीवों की पहचान की गई है, जिनमें 90 गुलदार, 21 बाघ और 8 भालू शामिल हैं। इनमें से इंसानों के लिए खतरा बने बाघों को ट्रैंकुलाइज कर पकड़ने के निर्देश दिए गए हैं। आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, बीते एक दशक (2015 से 2026 तक) में वन्यजीवों के हमलों में कुल 327 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं।
• ​2015 से 2025 का ब्योरा: 2015 में बाघ के हमलों में 2 और गुलदार के हमलों में 26 मौतें दर्ज हुई थीं। 2022 में यह आंकड़ा बाघ के हमलों से 16 और गुलदार से 22 रहा, वहीं 2025 में बाघ के हमले में 12 और गुलदार के हमले में 18 लोगों की जान गई।
• ​वर्ष 2026 का आंकड़ा: साल 2026 में अब तक बाघ के हमलों में 12 और गुलदार के हमलों में 16 लोगों की जान गई है।