उत्तराखंड: उत्तराखंड सरकार ने प्रदेश के जंगलों से अतिक्रमण हटाने के अभियान में खास बदलाव की पहल की है।
हुआ यह बदलाव
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक इसके लिए अब आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया जाएगा। राज्य में वन भूमि अतिक्रमण के विरुद्ध कार्रवाई को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित निगरानी प्रणाली लागू की जाएगी। इस संबंध में बीते दिनों गुरुवार को सचिवालय में एक उच्चस्तरीय बैठक हुई थी। जिसमें विशेष सचिव एवं नोडल अधिकारी डॉ. पराग मधुकर धकाते ने इस नई रणनीति की घोषणा की। इस तकनीक के माध्यम से उन मामलों पर धरातल पर सटीक नजर रखी जा सकेगी जो वर्तमान में न्यायालयों में लंबित हैं।
अभियान की मुख्य उपलब्धियां
बैठक में साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, अतिक्रमण के खिलाफ सरकार की कार्रवाई के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं।
• कुल अतिक्रमित भूमि (2018-19): 11,396.64 हेक्टेयर।
• मुक्त कराई गई भूमि: जून 2024 से 31 मार्च 2026 तक 1,560.31 हेक्टेयर वन भूमि को अतिक्रमण मुक्त किया जा चुका है।
उत्तराखंड: प्रदेश में वन भूमि अतिक्रमण पर रहेगी ‘AI’ की नज़र: अब तक इतने हेक्टेयर भूमि हुई मुक्त