अल्मोड़ा: न्यायिक मजिस्ट्रेट नवल सिंह बिष्ट की अदालत ने पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) द्वाराहाट शाखा से जुड़े चेक बाउंस मामले में अपना फैसला सुनाया है।
जानें क्या है मामला
परिवादी शाखा प्रबंधक जीशान खान के अनुसार, आरोपी ने सितंबर 2016 में बैंक से 6 लाख रुपये का व्यावसायिक डेयरी लोन लिया था। किश्तें जमा न होने के कारण मई 2022 में खाता एनपीए (NPA) हो गया था। ऋण अदायगी के लिए आरोपी द्वारा दिया गया 2,83,201 रुपये का चेक 29 नवंबर 2024 को बाउंस हो गया था। कानूनी नोटिस के बावजूद भुगतान न करने पर बैंक ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। बचाव पक्ष ने तर्क दिया कि लोन लेते समय ब्लैंक सिक्योरिटी चेक का दुरुपयोग किया गया है। हालांकि, एडवोकेट मनोज कुमार पन्त द्वारा पेश किए गए सबूतों व बैंक स्टेटमेंट के आधार पर पाया गया कि 31 मार्च 2026 तक खाते पर 4,18,131 रुपये की देनदारी बाकी थी, जिसके बाद कोर्ट ने आरोपी को दोषी ठहराया।
अदालत का आदेश
बैंक ऋण की रकम न चुकाने और चेक अनादरित होने पर कोर्ट ने आरोपी को दोषी करार देते हुए 6 महीने के कारावास की सजा सुनाई है, साथ ही 2,95,000 रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अदालत ने आरोपी गणेश सिंह (निवासी ग्राम सलना, द्वाराहाट) को 6 माह की जेल की सजा दी है। जुर्माना न चुकाने की स्थिति में आरोपी को 1 महीने का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।