June 30, 2022

अल्मोड़ा: बीएससी सेल्फ फाइनेंस को बंद किए जाने के सम्बंध में छात्रों ने कुलसचिव को सौंपा ज्ञापन

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आज सोबन सिंह जीना विश्व्विद्यालय के छात्रों ने मिलकर विश्विद्यालय के कुलसचिव को बीएससी सेल्फ फाइनेंस को बंद किए जाने के सम्बंध में ज्ञापन सौंपा । ज्ञापन के जरिये छात्रों ने कहा कि इस वर्ष बीएससी प्रथम सेमेस्टर में सेल्फ फाइनैंस पाठ्यक्रम को शुरू किया जा रहा है। महोदय सेल्फ फाइनैंस विश्वविद्यालय में सिर्फ और सिर्फ विद्यार्थियों से पैसा लूटने का माध्यम है इस कारण से पिछले वर्ष बीएससी में सेल्फ फाइनैंस को ख़त्म कर दिया गया था, परंतु इस वर्ष एक बार पुनः बीएससी में सेल्फ फाइनेंस को लागू करके प्रशासन द्वारा शिक्षा का व्यवसायीकरण करने का काम किया जा रहा है

इन बिंदुओं पर ध्यान किया केंद्रित

उन्होंने कहा कि महोदय सेल्फ फाइनैंस को बंद कराये जाने के सम्बंध में हम सभी
आपका ध्यान निम्न बिंदुओं पर केंद्रित कराना चाहते है –
*  बी.एससी. सेल्फ़ फाइनेंस को गत वर्ष कुमाऊँ विश्वविद्यालय की विद्या परिषद एवं कार्य परिषद के निर्माण के आधार पर कुलपति कुमाऊँ विश्वविद्यालय के आदेशों के पश्चात बन्द किया गया था।

* जो पाठ्यक्रम नियमित मोड में परिसर में पूर्व से संचालित हो रहे हैं, उन्ही पाठ्यक्रमों को साथ-साथ स्ववित्त पोषित मोड में चलाया जाना  उत्तराखंड शासन के शासनादेशों के भी अनुरूप नहीं है।

*  पर्वतीय क्षेत्रों के गरीब विद्यार्थियों को सस्ती एवं अच्छी शिक्षा प्रदान कराने के उद्देश्य से बने विश्वविद्यालय में सेल्फ़ फाइनेंस के नाम पर विद्यार्थियों को लूटने के बजाय सरकार से अधिक संसाधनों की मांग कर नियमित पाठ्यक्रम में सीटें बढ़ाई जानी चाहिए।

*  वर्ष 2020 में नियमित पाठ्यक्रम में बी.एससी. PCM में 156 एवं  ZBC में 237 प्रवेश किये गये थे जबकि इस वर्ष PCM में कुल 100 एवं ZBC में 132 छात्रों को ही नियमित पाठ्यक्रम में प्रवेश दिया गया है जो कि परिसर प्रशासन का सेल्फ़ फाइनेंस खोलने हेतु एक षड्यंत्र प्रतीत होता है।

*  वर्ष 2019 एवं उससे पूर्व के वर्षों में भी PCM में 120 से अधिक विद्यार्थियों को एवं ZBC में 160 से अधिक विद्यार्थियों को  प्रवेश दिया जाता रहा है किन्तु इस वर्ष एक सोची समझी रणनीति के तहत सीटें न्यूनतम रखी गई हैं ताकि प्रवेश न मिलने से परेशान छात्रों को सेल्फ़ फाइनेंस में प्रवेश लेने हेतु मजबूर होना पड़े।

* गत वर्षों मे परिसर में संचालित बी.एससी. सेल्फ़ फाइनेंस पाठ्यक्रम के संचालन में छात्रों द्वारा अनेक धांधलियों की शिकायतें की गयीं थीं और उसकी जांच के आदेश भी हुए थे किन्तु आज तक जांच का कोई परिणाम सामने नहीं आया।

* परिसर में बी.एससी. सेल्फ़ फाइनेंस की पूर्व की लगभग 60 लाख रूपये की धनराशि परिसर के पास बची हुई है जिसे आवश्यकतानुसार  छात्र हित में लगा कर नियमित पाठ्यक्रम में सीटें बढ़ाई जानी चाहिए एवं उच्च शिक्षा के व्यवसायीकरण पर रोक लगानी चाहिए।

सभी छात्रों ने कुलसचिव से आग्रह किया कि उपरोक्त बिंदुओं पर ध्यान केंद्रित करते हुए सेल्फ फाइनैंस को शीघ्र बन्द किया जाए और सामान्य सीटों को बढ़ाकर प्रवेश शुरू किए जायें।
    

यह लोग रहे मौजूद

ज्ञापन देने वालों में पूर्व छात्रसंघ महासचिव आशीष पंत, पूर्व छात्रसंघ उपाध्यक्ष सोहित भट्ट, पूर्व छात्रसंघ महासचिव नवीन कनवाल, राहुल जोशी, पूर्व कोषाध्यक्ष छात्रसंघ अभिषेक बनौला, पंकज कनवाल, दिव्या जोशी, सौरभ पांडे, नितिन रावत, विशाल शाह, अमित बिष्ट आदि मौजूद रहे।