उद्यान बचाओ, भ्रष्टाचार हटाओ अभियान के संयोजक दीपक करगेती ने उद्यान विभाग में भारी फर्जीवाड़े का आरोप लगाया है। उनका आरोप है कि राज्य में कीवी पौध उत्पादन के नाम पर भी बड़ा खेल गया है। एक ही पत्रांक संख्या की दो-दो रिपोर्ट बनाई जा रही हैं। उन्होंने इस मामले में सीएम और सचिव से लेकर पीएमओ कार्यालय तक शिकायत कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई है।
बड़ी चालाकी से सरकार के सामने साक्ष्यों को छिपाने का किया जा रहा है काम
दीपक करगेती ने बताया कि उन्होंने उद्यान निदेशालय के एक बड़े अफसर के खिलाफ भ्रष्टाचार के मामले की लिखित शिकायत सीएम, उद्यान मंत्री और उद्यान सचिव से की थी। आरोप लगाया कि अफसर ने सरकार को गुमराह करने के लिए उनके प्रार्थना पत्र के बाद बीते एक जुलाई को पौध खरीद का थर्ड पार्टी ऑडिट कराने के लिए पत्र जारी कर दिया। करगेती ने इस ऑडिट को हास्यास्पद बताया है। कहा कि बड़ी चालाकी से सरकार के सामने साक्ष्यों को छिपाने का काम किया जा रहा है। बताया कि उनकी ओर से की गई शिकायत के बाद बीते छह जुलाई को कीवी पौधों की सूचना जिला स्तरीय अधिकारियों से मांगी गई। इसके जरिए मूल सूचना को बदलने का काम किया गया।
कीवी पौधों की जीवितता 55 से 60 फीसद दर्शाई गई थी
बताया कि पिथौरागढ़ जिले से उद्यान विभाग की रिपोर्ट में कीवी पौधों की जीवितता 55 से 60 फीसद दर्शाई गई थी। उसके बाद दूसरी रिपोर्ट में कीवी पौध की जीवितता 85 से 90 फीसद कर दी गई। उन्होंने मामले की शासन स्तर से जांच की मांग उठाई है।