अल्मोड़ा: ‘नशा मुक्त भारत अभियान – विकसित भारत की पहचान’ के तहत आज अंतर्राष्ट्रीय नशा निषेध दिवस (26 जून) पर अल्मोड़ा पुलिस ने एक वृहद जागरूकता मैराथन दौड़ का आयोजन किया।
पुलिस की मुहिम
एसएसपी चंद्रशेखर घोडके के नेतृत्व में आयोजित इस मैराथन का उद्देश्य युवाओं को नशे के दलदल से बचाकर उन्हें स्वास्थ्य और राष्ट्र निर्माण के प्रति जागरूक करना था। मैराथन को एसएसपी अल्मोड़ा ने रघुनाथ सिटी मॉल से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह दौड़ शहर के प्रमुख मार्गों—आकाशवाणी, करबला और दुगालखोला होते हुए पुलिस लाइन में संपन्न हुई। इस दौरान पुलिस के अधिकारी, कर्मचारी और बड़ी संख्या में स्थानीय युवाओं ने कंधे से कंधा मिलाकर दौड़ लगाई और नशे के खिलाफ समाज को एकजुट रहने का संदेश दिया।
नशा मुक्त भारत की शपथ
दौड़ के समापन पर पुलिस लाइन में एक संक्षिप्त कार्यक्रम आयोजित किया गया, जहाँ सभी प्रतिभागियों को नशीले पदार्थों के दुष्प्रभावों के बारे में बताया गया। सभी ने जीवन भर नशे से दूर रहने और ‘नशा मुक्त भारत’ के निर्माण में सक्रिय योगदान देने की सामूहिक शपथ ली। मैराथन में बेहतर प्रदर्शन करने वाले धावकों को पुरस्कृत किया गया।
• महिला वर्ग: प्रथम- हिमानी बिष्ट, द्वितीय- सीमरन बिष्ट, तृतीय- नेहा नेगी।
• पुरुष वर्ग: प्रथम- नितेश सिंह जीना, द्वितीय- आलोक भट्ट, तृतीय- जीवन बोहरा।
पुलिस कार्रवाई के आंकड़े
इस अवसर पर एसएसपी चंद्रशेखर घोडके ने जानकारी दी कि अल्मोड़ा पुलिस नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रही है। वर्ष 2026 में अब तक एनडीपीएस एक्ट के तहत 27 अभियोग पंजीकृत कर 52 तस्करों को सलाखों के पीछे भेजा जा चुका है।
पुलिस द्वारा बरामद नशीले पदार्थ (वर्ष 2026):
| नशीला पदार्थ | मात्रा | अनुमानित कीमत |
|---|---|---|
| गांजा | 366.605 KG | 91.65 लाख रुपये |
| स्मैक | 117.390 ग्राम | 36.11 लाख रुपये |
| चरस | 2.214 KG | 5.37 लाख रुपये |