देश दुनिया की खबरों से हम आपको रूबरू कराते रहते हैं। एक ऐसी खबर हम आपके सामने लाए हैं। केंद्र सरकार ने सोशल मीडिया और मैसेजिंग ऐप्स के जरिए हो रहे ऑनलाइन निवेश घोटालों को लेकर नागरिकों को सतर्क रहने की चेतावनी दी है।
जारी की चेतावनी
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक जिस पर केंद्र सरकार ने नागरिकों को सतर्क रहने की चेतावनी दी है। बताया कि साइबर ठग खुद को वित्तीय विशेषज्ञ बताकर निवेशकों को शेयर बाजार, म्यूचुअल फंड या आईपीओ में कम समय में भारी मुनाफे का झांसा देते हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि शेयर बाजार और अन्य निवेश साधन हमेशा ‘बाजार के जोखिमों’ के अधीन होते हैं। कोई भी वैध निवेश योजना निश्चित या गारंटीड उच्च रिटर्न का वादा नहीं करती है। साइबर अपराधी अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे आम लोगों के लिए असली और नकली में फर्क करना मुश्किल हो गया है।
धोखाधड़ी के तरीकों से रहें सावधान
जिसमें शुरुआत में शेयर बाजार की जानकारी साझा करना और कुछ छोटा लाभ वापस देना। फर्जी वेबसाइट या मोबाइल ऐप पर निवेश की रकम और काल्पनिक मुनाफा दिखाना। बड़ी रकम जमा होने के बाद टैक्स, प्रोसेसिंग फीस या अकाउंट एक्टिवेशन के नाम पर और पैसे मांगना। जब निवेशक बड़ी रकम लगा देता है, तब ठग टैक्स, प्रोसेसिंग फीस या अकाउंट एक्टिवेशन के नाम पर अतिरिक्त पैसे मांगते हैं। अंत में, सारा पैसा डूब जाता है और आरोपी संपर्क तोड़कर गायब हो जाते हैं।
विशेषज्ञों की सलाह
किसी भी निवेश पर “गारंटीड रिटर्न” के दावों पर भरोसा न करें, क्योंकि शेयर बाजार हमेशा जोखिम के अधीन होते हैं। निवेश से पहले कंपनी या सलाहकार का पंजीकरण (SEBI/संबंधित नियामक) जरूर जांचें। अनजान लिंक या ऐप पर अपनी बैंकिंग और व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें। धोखाधड़ी होने पर तुरंत साइबर अपराध पोर्टल (cybercrime.gov.in) या स्थानीय पुलिस को रिपोर्ट करें।