देश दुनिया की खबरों से हम आपको रूबरू कराते रहते हैं। एक ऐसी खबर हम आपके सामने लाए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बीते कल शनिवार रात देशवासियों को संबोधित किया।
देशवासियों को किया संबोधित
पीएम ने अपने लगभग 29 मिनट के संबोधन में देश की महिलाओं से बिल पास न हो पाने के लिए क्षमा मांगी। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक उन्होंने कहा कि सरकार के भरसक प्रयासों के बावजूद विपक्षी दलों की ‘स्वार्थी राजनीति’ के कारण यह महत्वपूर्ण संशोधन रुक गया। पीएम ने कांग्रेस, सपा, टीएमसी और डीएमके जैसी पार्टियों पर निशाना साधते हुए कहा कि इन दलों ने महिलाओं के अधिकारों को कुचलकर संसद में जश्न मनाया, जो नारी के स्वाभिमान पर प्रहार है। पीएम ने कहा कि नारी सब भूल जाती है, लेकिन अपना अपमान कभी नहीं भूलती। विपक्ष ने जो पाप किया है, उसकी सजा उन्हें देश की जनता जरूर देगी।
विपक्ष पर ‘भ्रूण हत्या’ का आरोप
पीएम ने विपक्ष द्वारा बिल का विरोध किए जाने को नारी शक्ति के अधिकारों की ‘भ्रूण हत्या’ करार दिया। उन्होंने कहा कि ये परिवारवादी पार्टियां महिला सशक्तिकरण से डरती हैं।
परिसीमन पर स्पष्टीकरण
विपक्ष के झूठ को खारिज करते हुए उन्होंने साफ किया कि परिसीमन से किसी राज्य की हिस्सेदारी कम नहीं होगी, बल्कि सभी राज्यों में सीटें समान अनुपात में बढ़ेंगी।
कांग्रेस की ‘एंटी-रिफॉर्म’ मानसिकता
पीएम ने कहा कि कांग्रेस का इतिहास ही सुधारों को अटकाने का रहा है। उन्होंने अनुच्छेद 370, ट्रिपल तलाक, जीएसटी और आधार का उदाहरण देते हुए कांग्रेस को विकास विरोधी बताया।
संकल्प अभी जारी
प्रधानमंत्री ने देश की महिलाओं को विश्वास दिलाया कि संख्याबल की कमी के कारण यह प्रयास थमेगा नहीं। उन्होंने हुंकार भरते हुए कहा कि हम हारे नहीं हैं, हमारा संकल्प अटूट है और हम हर बाधा को पार कर महिलाओं को उनका हक दिलाकर रहेंगे।
हम हारे नहीं, हमारा संकल्प अटूट है, बोले पीएम नरेंद्र मोदी, नारी शक्ति से माफी और विपक्ष पर प्रहार