December 7, 2021

अल्मोड़ा: मुख्य विकास अधिकारी ने महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की समीक्षा बैठक की, दिए अहम निर्देश

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मुख्य विकास अधिकारी नवनीत पाण्डे ने विकास भवन में महिला सशक्तिकरण एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित योजनाओं की सम्बन्धित अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। जिसमें मुख्य विकास अधिकारी नवनीत पाण्डे ने विभाग द्वारा संचालित महत्वपूर्ण योजना ‘‘बेटी पढ़ाओं बेटी बचाओ‘‘ के अन्तर्गत होने वाले वित्तीय वर्ष 2021-22 हेतु जिला स्तरीय कार्य योजना के विभिन्न बिन्दुओं पर समीक्षा की।

वार्षिक योजना तैयाऱ करते हुए कार्यों को दी जाए प्राथमिकता-

इस दौरान मुख्य विकास अधिकारी नवनीत पाण्डे ने कहा कि वार्षिक योजना तैयाऱ करते हुए कार्यों को प्राथमिकता दी जाय। उन्होंने कहा कि शिक्षा विभाग व बाल विकास विभाग आपसी समन्वय स्थापित करते हुये संचालित योजनाओं को प्रभावी रूप से लागू करना सुनिश्चित करे।

बच्चों को नवाचार गतिविधियो के माध्यम से करना होगा जागरूक-

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि हमें बच्चों के लिये रोजगार के नये अवसर तलाशने होंगे साथ ही बच्चों को नवाचार गतिविधियो के माध्यम से जागरूक करना होगा। उन्होंने कहा कि जनपद के किशोरी सदन, बाल गृह में रह रहे बच्चों कोे मशरूम उत्पादन व अन्य रोजगारपरक प्रशिक्षण दिया जाय। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि जनपद के सभी विकास खण्डों में वाॅल पेटिंग के माध्यम से लोगो को जागरूक किया जाय।

योजना के अन्तर्गत विभिन्न मदो में प्राप्त धनराशि को व्यय करना करें सुनिश्चित-

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि जनपद के 10 बालक एवं 10 बालिकायें जो जिले के टाॅपर होते है उन्हें सम्मानित किये जाने हेतु सम्बन्धित विभाग को धनराशि आवंटित कर दी गयी है। उन्होंने  कहा कि योजना के अन्तर्गत विभिन्न मदो में प्राप्त धनराशि को सम्बन्धित विभाग तय समय के अनुसार व्यय करना सुनिश्चित करें। बैठक में उन्होंने प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, राष्ट्रीय पोषण मिशन आदि योजनाओं की भी समीक्षा करते हुए योजनाओं का लाभ पात्र महिलाओं तक पहुॅचाने के निर्देश दिये।

वात्सल्य योजना के बारे में जिला समाज कल्याण अधिकारी से विस्तृत जानकारी प्राप्त-

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने राज्य सरकार द्वारा चलायी जा रही वात्सल्य योजना के बारे में जिला समाज कल्याण अधिकारी से विस्तृत जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्देश दिये कि प्राप्त आवेदन पत्रों में जो भी औचारिकतायें पूर्ण की जानी है उन्हें 01 सप्ताह के भीतर निस्तारित कर दिया जाय। उन्होंने बताया कि शासनादेश के अनुसार 01 मार्च, 2020 से 31 मार्च, 2022 की अवधि तक कोविड-19 महामारी एवं अन्य बीमारियों से पिता/माता/संरक्षक की मृत्यु के कारण जन्म से 21 वर्ष तक के प्रभावित बच्चों को इस योजना में आच्छादित किया गया है।

कोविड या अन्य बीमारी के कारण अगर किसी की मृत्यु हुई हो तो वे तहसील स्तर पर कर सकते हैं आवदेन-

मुख्य विकास अधिकारी नवनीत पाण्डे ने जिला समाज कल्याण अधिकारी व समिति के सदस्यों से कहा कि वे अपने-अपने क्षेत्रान्तर्गत इस बात का प्रचार-प्रसार करे की कोविड या अन्य बीमारी के कारण अगर किसी की मृत्यु हुई हो तो वे तहसील स्तर पर आवदेन कर करते है। मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि प्राप्त आवेदन पत्रों में जो कमियाॅ प्राप्त हो रही है उन्हें आवदेनकर्ता को अवगत कराते हुये आवदेन पत्रों को स्वराज पोर्टल में अपलोड किया जाय ताकि पात्र लोगों का इस योजना का लाभ समय से मिल सके।

इस दौरान यह लोग रहे उपस्थित-

इस दौरान बैठक में मुख्य शिक्षाधिकारी एच0बी0 चंद, जिला कार्यक्रम अधिकारी पीताम्बर प्रसाद, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 दीपांकर डेनियल, अध्यक्ष बाल कल्याण समिति के एडवोकेट प्रशान्त जोशी, सदस्य अर्चना कोठरी, रेखा साह, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की कविता जोशी, महिला कल्याण अधिकारी आफरीन जहां, विद्या कर्नाटक, अभिलाषा तिवारी, हिमांशु मस्यूनी बाल विकास विभाग के अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।